लखनऊ। राजधानी में मनमाने तरीके से फीस बढ़ाकर अभिभावकों को परेशान करने वाले दोषी निजी स्कूलों पर अभी तक कार्रवाई नहीं हो सकी है।बीते मई माह में जिलाधिकारी की अध्यक्षता में हुई बैठक में आठ स्कूल दोषी पाए गए थे। पांच स्कूलों पर जुर्माना लगाने की बात कही गई थी। तीन स्कूलों ने प्रार्थना पत्र देकर बढ़ी फीस को आगामी फीस में समाहित की बात कही थी। हालांकि अभी तक मामला ठंडे बस्ते में है।
इसी सत्र की शुरुआत में शहर के 29 अभिभावकों की शिकायत पर जिले में पहली बार निजी स्कूलों में फीस वृद्धि की जांच हुई थी। ये जांच जिला शुल्क नियामक समिति ने अधिनियम की धारा-8 के तहत की गई थी। विभागीय सूत्रों का कहना है कि स्कूल प्रबंधक राजनीतिक दबाव बना रहे हैं जिससे अधिकारी कार्रवाई करने से बच रहे हैं।
इन स्कूलों को पाया गया था दोषी
एलेन हाउस पब्लिक स्कूल
सीलवती आइडियल पब्लिक स्कूल
आश्रम एकेडमी, कृष्णानगर,
हुकुम सिंह मेमोरियल इंटर कॉलेज
सेंट डोमिनिक इंटर कॉलेज
सेठ एमआर जयपुरिया, गोयल कैंपस
ब्राइट वे इंटर कॉलेज, सेक्टर-एच
केजे मॉडर्न पब्लिक स्कूल
Iकार्रवाई न होने से स्कूलों के हौसले बुलंद है। अभिभावकों को भी इससे निराशा होती है। अभिभावकों ने बड़ी उम्मीद के साथ शिकायतें दर्ज कराई थी, लेकिन अब न्याय मिलता नहीं दिख रहा है।I
प्रदीप श्रीवास्तव- अध्यक्ष अभिभावक कल्याण संघ
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Iदोषी स्कूलों पर कार्रवाई की प्रक्रिया चल रही है। इन पर एक लाख रुपये जुर्माना लगेगा। जल्द ही आदेश जारी होगा। I
देवेंद्र पांडेय- जिला विद्यालय निरीक्षक