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तीन और जीआरपी सिपाहियों समेत नौ कोरोना मरीज मिले, प्रवासियों के संपर्क में आने से हुआ संक्रमण

Thu, 28 May 2020 11:13 AM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क/अमर उजाला, लखनऊ
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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लखनऊ में बुधवार को चारबाग रेलवे स्टेशन पर तीन और जीआरपी सिपाही कोरोना पॉजिटिव मिलने से हड़कंप मच गया है। आनन-फानन 30 अन्य सिपाहियों को क्वारंटीन कर दिया गया है।
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अब तक चारबाग रेलवे स्टेशन पर चार सिपाही पॉजिटिव मिल चुके हैं। इसके अलावा बुधवार को ही दरोगाखेड़ा में एक ही परिवार के पांच सदस्य भी कोरोना जांच में पॉजिटिव पाए गए हैं।

वहीं मिर्जापुर निवासी एक महिला केजीएमयू में रेडियो थेरेपी कराने आई थी जिसकी रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई है। इस तरह राजधानी में बुधवार को मिले नौ नए मरीजों के साथ ही यहां पर कुल मरीजों की संख्या 362 हो गई है जिसमें यहां के मूल निवासी 267 हैं।
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चारबाग रेलवे स्टेशन पर अन्य प्रदेशों में फंसे प्रवासी मजदूर ट्रेनों से पहुंच रहे हैं। इनके संपर्क में आने से जीआरपी सिपाही संक्रमित हो रहे हैं। यूपी में यह पहला मामला है कि जब प्रवासियों के सीधे संपर्क में आ रहे जीआरपी जवान कोरोना पॉजिटिव मिले हैं।

चारबाग स्टेशन पर बिगड़ रहे हालात

गत सोमवार को पहला सिपाही पॉजिटिव मिला था जिसके बाद 11 अन्य को क्वारंटीन कर जांच कराई गई थी। वहीं बिना लक्षण के जांच कराने के लिए छह सिपाही गए थे, उनमें से तीन सिपाही बुधवार को पॉजिटिव पाए गए हैं। इसके बाद 30 अन्य सिपाहियों को क्वारंटीन कर दिया गया। चारबाग स्टेशन से अब तक कुल 41 सिपाही क्वारंटीन किए जा चुके हैं। 

कोरोना का खतरा लखनऊ स्टेशन पर लगातार बढ़ रहा है। करीब दो हफ्ते पहले मुंबई से आते समय अयोध्या के गोसाईंगंज निवासी एक प्रवासी मजदूर की मौत हो गई थी। वह कोरोना पॉजिटिव था।

उसके शव को दो सिपाहियों ने पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा था। वहीं इसके तीन दिन पहले गुजरात से आई दो ट्रेनों में दो मृतकों को चारबाग स्टेशन पर उतारा गया था। इसी क्रम में तीन नए मामलों का आना चिंतनीय है। 
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233 जवान संभाल रहे मोर्चा 

चारबाग स्टेशन पर जीआरपी के करीब 233 जवानों की तैनाती है। जो पहले तो सिर्फ प्रवासियों को उतारकर लाइन लगवाकर थर्मल स्क्रीनिंग कराने और फिर बसों में बैठाकर रवाना करने की ड्यूटी निभाते थे। फिर श्रमिकों को ट्रेन में बिठाने के लिए भी संघर्ष करने लगे।

इससे वे बोगी में आने जाने लगे और प्रवासियों के संपर्क में आ गए। यात्रियों को खाना, पानी पहुंचाते वक्त भगदड़ से बचाने को जूझते रहे। गत सोमवार को जब पटरियों पर लोड के चलते 17 स्पेशल ट्रेनें लखनऊ से हरदोई तक एक साथ खड़ी हो गई थीं, तब जीआरपी ने ही मोर्चा संभाला था।  

इसलिए बढ़ गया खतरा 
चारबाग स्टेशन पर बिना पूर्व सूचना के बड़ी संख्या में ट्रेनें आ रही हैं जिससे अव्यवस्था हो रही है। इसके बाद प्रवासियों को बस के लिए चार घंटे तक इंतजार करना पड़ रहा है। जिससे वे इधर उधर घूमते है और आशंका बढ़ाते हैं। इतना ही नहीं सेफ्टी किट तक नहीं मिल रही है। सारे प्रोटोकॉल ध्वस्त पड़े हैं।  

व्यवस्थाओं को सुधारने का प्रयास
चार जीआरपी सिपाही कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं। इसके बाद उनके बचाव के लिए ब्रीफिंग की गई है। व्यवस्थाओं को सुधारने के लिए भी संबंधित विभागों से बातचीत की जा रही है, ताकि बसों के लिए बहुत देर इंतजार करने वाले प्रवासी स्टेशन परिसर में न घूमें। - सौमित्र यादव, एसपी- जीआरपी, लखनऊ
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