नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) की यूपी ठोस एवं अपशिष्ट प्रबंधन एवं अनुश्रवण समिति ने गुरुवार को लखनऊ नगर निगम को तीन दिन में गोमती के दोनों किनारे से कूड़ा हटाने का आदेश दिया है। साथ ही घैला के किनारे जमा कूड़े के ढेर का निस्तारण भी छह महीने में जैविक उपचार विधि से करने को कहा है।
अनुश्रवण समिति के चेयरमैन डीपी सिंह और सचिव राजेंद्र सिंह ने बताया कि 24 अप्रैल को हुई बैठक में नदी के किनारों पर जमा कूड़ा साफ करने का प्रस्ताव रखा गया था।
इसी आधार पर नगर आयुक्त को आदेश दिया गया है। शहरी क्षेत्र में कूड़ा जमा होने से भूजल प्रदूषित हो रहा है। नगर निगम का भी दायित्व है कि वह नागरिकों को स्वच्छ माहौल मुहैया कराने पर राशि खर्च करें।