पारा में रविवार सुबह सरोसा भरोसा मोड़ पर गैस सिलिंडर लदे तेज रफ्तार ट्रक ने मौंदा निवासी राष्ट्रीय स्तर की एथलीट जूली यादव (26) को रौंद दिया। हादसे के बाद आरोपी ट्रक चालक भाग निकला। पुलिस ने अज्ञात ट्रक चालक के खिलाफ केस दर्ज किया है।
इंस्पेक्टर सुरेश सिंह के मुताबिक पारा के मौंदा में जूली पिता अजय यादव और मां गुड्डी के साथ रहती थीं। वह राष्ट्रीय स्तर की एथलीट के साथ ही आशियाना स्थित लखनऊ पब्लिक स्कूल में स्पोर्ट्स टीचर थीं। स्कूल में बैडमिंटन चैंपियनशिप चल रही है। रविवार सुबह जूली हेलमेट लगाकर बाइक से स्कूल के लिए निकलीं। अपना मोबाइल घर पर भूलने के कारण वह रास्ते से लौटने लगीं। करीब 6:30 बजे सरोसा भरोसा के पास तेज रफ्तार ट्रक ने पीछे से जूली की बाइक पर ट्रक मारा। वह नीचे गिर गईं। भागने के चक्कर में ट्रक ड्राइवर ने उन्हें रौंद दिया।
भागने के कारण चालक ने बढ़ा दी ट्रक की गति
इंस्पेक्टर ने बताया कि जूली को तुरंत ट्रॉमा सेंटर पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटनास्थल व आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज के जरिये आरोपी ट्रक चालक की पहचान की जा रही है।
600 मीटर की दौड़ में जूली को मिला था सिल्वर मेडल
जूली की सीनियर रत्ना ने बताया कि वह उनके साथ बचपन से खेलती आ रही हैं। जूली ने उन्हीं के साथ नेशनल, ऑल इंडिया, मंडल स्तर पर खेला है। पिता ने बताया कि जूली ने कुछ साल पहले सहारनपुर में 600 मीटर की रेस में सिल्वर मेडल जीता था। इसके अलावा भी कई प्रतियोगिताओं में मेडल जीते थे।
पिता बोले... मेरा अभिमान थी बिटिया
जूली सिर्फ मेरी बेटी ही नहीं, बल्कि मेरा अभिमान थी। वह मुझे छोड़कर चली गई...यह वेदना आंसू बनकर जूली के पिता अजय की आंखों से निकल रही थी। वहीं, बेटी का शव देखते ही उनकी मां की हालत बिगड़ गई। जूली के भाई का भी रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
जूली सिर्फ मेरी बेटी ही नहीं, बल्कि मेरा अभिमान थी। वह मुझे छोड़कर चली गई...यह वेदना आंसू बनकर जूली के पिता अजय की आंखों से निकल रही थी। वहीं, बेटी का शव देखते ही उनकी मां की हालत बिगड़ गई। जूली के भाई का भी रो-रोकर बुरा हाल हो गया।