मंगलवार की सभी जनसभा में नरेंद्र मोदी ने प्रियंका वाड्रा को आड़े हाथों लिया।
मोदी ने प्रियंका के 'नीच राजनीति' के बयान पर पलटवार करते हुए कहा, हम नीच जाति के हैं इसलिए वे हमारी राजनीति को नीच कह रहे हैं।
मोदी ने डुमरियागंज में अपने सम्बोधन में कहा, हम नीच जाति के लोगों ने सदियो से पसीने बहाए हैं, हमारे पसीने की कमाई आप खा रहे हैं।
मोदी ने बिना किसी का नाम लिए कहा कि हम उनकी तरह राजनीति नहीं करते हैं।
बदले का नहीं, बदलाव का भाव है
मोदी ने जनसभा में कांग्रेस पर ही निशाना साधा। उन्होंने कहा कि वह और उनकी पार्टी बदले की नहीं, बदलाव की राजनीति करती है।
मोदी ने कहा, हमारे दिल में बदले के भाव नहीं हैं। हम वैसी राजनीति नहीं करते हैं। हम ऐसी राजनीति चाहते हैं, तो आपकी आंखों के आंसू पोछ सके।
मोदी ने कास्ट कार्ड खेलते हुए कहा कि वे नीच जाति का अपमान करते हैं लेकिन उन्हें ऐसा नहीं करना चाहिए क्योंकि नीच जाति के लोगों ने देश को मजूबत बनाने में बहुत योगदान दिया है।
अमेठी में, मोदी बनाम प्रियंका
बताते चलें कि सोमवार को अमेठी में हुई अपनी जनसभा में मोदी ने गांधी परिवार पर हमला बोलते हुए गुस्से की राजनीति करने वाला बताया था।
इस पर प्रियंका वाड्रा ने अमेठी में ही एक जनसभा में जवाबी हमले में कहा था कि मोदी ने उनके शहीद पिता का अपमान किया है, और वे नीच राजनीति करते हैं।
अब भला मोदी कैसे चुप रहते, उन्होंने ट्वीटर पर प्रियंका को आड़े हाथों लिया और कहा कि यह नीच राजनीति भारत को शक्तिशाली राष्ट्र के रूप में विश्व में स्थान दिलाने की ताकत रखती है।
ट्वीट में क्या कहा मोदी ने?
मोदी ने ट्वीटर पर चार ट्वीट करते हुए प्रियंका को जवाब दिया है। उन्होंने कहा है, इस नीच राजनीति की ऊंचाई पिछले 60 सालों के कुशासन और वोट बैंक की राजनीति से भारत को मुक्त कर...भारत मां के कोटि-कोटि जन के आंसू पोछेगी।
उन्होंने आगे लिखा है कि इसी नीच राजनीति की ऊंचाई भारत मां को एक समृद्ध और शक्तिशाली राष्ट्र के रूप में विश्व में स्थान दिलाने की ताकत रखती है।
मोदी ने अपने तीसरे ट्वीट में कहा है, सामाजिक रूप से निचले वर्ग से आया हूँ इसलिये मेरी राजनीति उन लोगों के लिये ‘नीच राजनीति’ ही होगी |
मोदी ने अगला ट्वीट किया है, हो सकता है कुछ लोगों को यह नजर नहीं आता हो पर निचली जातियों के त्याग, बलिदान और पुरुषार्थ की देश को इस ऊँचाई पर पहुँचाने में अहम भूमिका है।