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श्मशान घाट हादसा: ईओ निहारिका सिंह सस्पेंड, सीएम ने मंडलायुक्त मेरठ व डीएम गाजियाबाद से मांगा स्पष्टीकरण

Mon, 04 Jan 2021 11:50 PM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
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ईओ निहारिका सिंह सस्पेंड - फोटो : अमर उजाला
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गाजियाबाद के मुरादनगर में श्मशान घाट के गलियारे की छत गिरने से 24 लोगों की मौत के मामले में शासन ने नगर पालिका अधिशासी अधिकारी (ईओ) निहारिका सिंह को सस्पेंड कर दिया है। साथ ही, नगर विकास विभाग ने निर्माण की थर्ड पार्टी जांच करने वाले अभियंताओं के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की सिफारिश की है। 
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इससे पहले, सोमवार सुबह पुलिस ने निहारिका सिंह, अवर अभियंता चंद्रपाल और सुपरवाइजर आशीष को गिरफ्तार कर लिया। हालांकि मुख्य आरोपी ठेकेदार अजय त्यागी फरार है। 

एसएसपी कलानिधि नैथानी ने बताया कि तीनों आरोपियों को मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट रत्नेश दीप कमल आनंद की अदालत ने 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। ईओ, जेई, सुपरवाइजर, ठेकेदार व अन्य अधिकारियों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या, सरकारी पैसे का गबन व अन्य धाराओं में केस दर्ज किया गया है। 
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सीएम बेहद नाराज, मंडलायुक्त मेरठ व डीएम गाजियाबाद से मांगा स्पष्टीकरण
श्मशान घाट की घटना से सीएम योगी आदित्यनाथ अफसरों से बेहद नाराज हैं। कमिश्नर मेरठ अनीता सी. मेश्राम व गाजियाबाद के डीएम अजय शंकर पांडेय से स्पष्टीकरण मांगा गया है। कमिश्नर व डीएम सहित कई बड़े अफसरों पर कार्रवाई हो सकती है। सीएम ने प्रदेश में 50 लाख से अधिक लागत वाले सभी निर्माण कार्यों की जांच के आदेश दिए हैं।
 
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50 लाख से अधिक लागत वाले सभी निर्माण कार्यों की जांच के फरमान

मुख्यमंत्री ने निर्देशित किया कि प्रदेश भर में जहां भी निर्माण कार्य हो रहे हैं या हो चुके हैं उनकी गुणवत्ता की जांच कर अधिकारी  रिपोर्ट भेजें। एक भी निर्माण कार्य की गुणवत्ता में कमीं मिली तो इसकी पूरी जिम्मेदारी जिले के आला अधिकारियों की होगी।

राज्य सरकार के प्रवक्ता ने बताया कि गाजियाबाद के मुरादनगर में रविवार दोपहर श्मशान घाट के प्रवेश द्वार के साथ बने गलियारे की छत गिरने की घटना में पुलिस ने ईओ निहारिका सिंह, जेई सीपी सिंह, सुपरवाइजर आशीष को गिरफ्तार कर लिया है।

ठेकेदार अजय त्यागी समेत कुछ अन्य लोग फरार हैं। आरोपियों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या, लोगों को खतरा पहुंचाना, व्यक्तिगत सुरक्षा को खतरा पैदा करने वाली चोट, धन का गबन, सरकारी कर्मचारी द्वारा विश्वास का आपराधिक हनन व बुरी नीयत से कार्य जैसे आरोपों में एफआईआर दर्ज की गई है। 
 
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