समाजवादी पार्टी के संस्थापक मुलायम सिंह यादव यूपी विधानसभा चुनाव में न सिर्फ अपनी पार्टी के लिए, वरन सहयोगी कांग्रेस के लिए भी प्रचार करते नजर आ सकते हैं। सपा - कांग्रेस गठबंधन से नाराज चल रहे मुलायम सिंह यादव बुधवार को दोपहर बाद संसद पहुंचे थे। मीडिया के सवालों पर उन्होंने कहा कि जब गठबंधन है तो प्रचार भी करेंगे। मुलायम के बदले इस रुख से सपा की सहयोगी कांग्रेस को काफी राहत मिली है।
मुलायम सिंह को मनाने में कांग्रेस नेता प्रमोद तिवारी की भूमिका की बात कही जा रही है। बताया जाता है कि दोपहर को मुलायम सिंह यादव जब संसद पहुंचे तो वहां पहले से ही प्रमोद तिवारी मौजद थे। तिवारी ने सपा संस्थापक से अकेले में कुछ बात भी की।
बाद में दोनों नेता जब मीडिया से मुखातिब हुए तो एक सवाल के जवाब में मुलायम सिंह ने स्पष्ट किया कि वह यूपी में सपा-कांग्रेस गठबंधन के लिए प्रचार करेंगे। पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए उन्होंने कहा, ‘‘जब गठबंधन हुआ है तो प्रचार भी करेंगे।’’
बाद में प्रमोद तिवारी ने मीडिया से कहा कि यूपी में मुलायम सिंह जी का अच्छा प्रभाव है। नेताजी का साथ सपा और कांग्रेस गठबंधन को काफी मजबूती देगा। इसका फायदा कांग्रेस के उम्मीदवारों को भी मिलेगा।
सपा संस्थापक के इस बयान पर कांग्रेस नेता राजीव शुक्ला ने कहा कि मुलायम सिंह के प्रचार में साथ आने का फायदा सपा-कांग्रेस गठबंधन को मिलेगा। उन्होंने बताया कि गठबंधन के दोनों दल रैलियों से लेकर सभी तरह के चुनावी कार्यक्रमों में एक साथ नजर आएंगे।