लखनऊ। राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस पर दस फरवरी को स्कूलों में जाकर बच्चों को एल्बेंडाजोल खिलाई जाएगी। सात ग्रामीण ब्लॉक व शहरी क्षेत्र के एक से 19 वर्ष की आयु के 20,47,440 बच्चों को दवा खिलाने का लक्ष्य है।
राष्ट्रीय किशोर स्वास्थ्य कार्यक्रम के नोडल अधिकारी डॉ. अनिल श्रीवास्तव ने कहा, कृमि संक्रमण बच्चों में एनीमिया का एक कारण है। यदि पेट में कीड़े हैं तो वृद्धि रुकने के साथ बच्चा ध्यान केंद्रित नहीं कर पाता और पढ़ाई में पिछड़ जाता है। निर्देश दिए कि किसी को भी खाली पेट दवा न खिलाएं। जहां मध्याह्न भोजन की व्यवस्था है, वहां बच्चों के भोजन करने के बाद ही दवा खिलाई जाएगी।
एक से दो साल के बच्चों को आधी और दो से तीन साल की आयु के बच्चों को एक गोली चूरा बनाकर दी जाएगी। तीन से 19 वर्ष वालों को एक गोली दी जाएगी। इसे चबाकर खिलाना सुनिश्चित किया जाएगा। सीएमओ डॉ. एनबी सिंह ने बताया कि जो बच्चे 10 को दवा खाने से रह जाएंगे, उन्हें 14 फरवरी को मॉपअप राउंड में दवा खिलाई जाएगी।