लखनऊ। जलकर मुख्यालय व नगर निगम जोन-2 कार्यालय का बृहस्पतिवार को महापौर सुषमा खर्कवाल ने निरीक्षण किया। यहां दोनों विभागों में 30 कर्मचारी गैरहाजिर मिले। महापौर ने बुधवार को नगर निगम मुख्यालय में छापा मारा था। यहां 100 से अधिक कर्मचारी गैरहाजिर मिले थे।
महापौर बृहस्पतिवार को करीब पौन ग्यारह बजे ऐशबाग में जलकल मुख्यालय पहुंचीं। यहां 10 कर्मचारी बिना सूचना के गायब मिले। उन्होंने ऑनलाइन दर्ज होने वाली शिकायतों के निस्तारण की जानकारी की। इसके बाद वे नगर निगम के जोन दो कार्यालय में पहुंचीं। यहां जोनल अफसर शिल्पा कुमारी मौजूद मिलीं। राजस्व निरीक्षक, इंजीनियर व लिपिक मिलाकर करीब 20 कर्मचारी गैरहाजिर मिले। महापौर ने वजह पूछी तो बताया गया कि स्टाफ फील्ड पर है। वह टैक्स वसूली को जाते हैं।
हाजिरी का डिजिटल सिस्टम बनाएं
महापौर ने डिजिटल हाजिरी सिस्टम लगाने को कहा और निर्देश दिए पहले हाजिरी लगाई जाए फिर कर्मचारी बाहर जाएं। जरूरी हो तो ऑनलाइन हाजिरी सिस्टम शुरू किया जाए। इससे फील्ड के कर्मचारी वहां से हाजिरी लगाएं।
सुबह फिर नगर निगम मुख्यालय पहुंचीं महापौर
जलकल विभाग में निरीक्षण पर जाने से पहले महापौर सुषमा खर्कवाल सुबह करीब सवा दस बजे नगर निगम मुख्यालय पहुंचीं। यहां नगर आयुक्त इंद्रजीत सिंह कार्यालय में मौजूद थे। महापौर प्रथम तल पर स्थित कार्यालय तक गईं और फिर पांच मिनट मेंं ही लौट गईं।
मेयर जलकर महाप्रबंधक से बोलीं- शिकायत का फर्जी निस्तारण न हो
हैलो...मेयर बोल रहीं हूं...मेयर सुषमा। आपकी सीवर की जो शिकायत थी वह दूर हुई कि नहीं...। शिकायतकर्ता बोला...नमस्ते मैडम...। सीवर तो ठीक हुआ है मगर पानी की पाइप 15 दिन से टूटी है वह ठीक नहीं हुई है...। महापौर ने फोन पर शारदानगर कॉलोनी के शिकायतकर्ता से फीड बैक लेने के बाद जलकल महाप्रबंधक कुलदीप सिंह से कहा, शिकायत का सही निस्तारण हो, फर्जी नहीं। महाप्रबंधक व एक कर्मी ने सफाई देते हुए कहा मैम, सीवर की ही शिकायत ही दर्ज कराई गई थी, जिसका निस्तारण किया गया है। पानी की समस्या भी टीम भेजकर दूर कराई जाएगी।