बहुजन समाज पार्टी सुप्रीमो मायावती तीन जून को नई दिल्ली में पार्टी के जिम्मेदार नेताओं के साथ बैठक कर लोकसभा चुनाव में अपेक्षित सफलता न मिलने की समीक्षा करेंगी। बसपा के एक नेता ने बताया कि बैठक में सभी जिलाध्यक्ष, जोन इंचार्ज, लोकसभा प्रत्याशी व सभी निर्वाचित सांसद बुलाए गए हैं। माना जा रहा है कि मायावती समीक्षा के बाद संगठन में फेरबदल व आगे की रणनीति का संकेत कर सकती हैं।
बसपा सुप्रीमो लोकसभा चुनाव में दस सीट मिलने से खुश नहीं हैं। जबकि 2014 में पार्टी का खाता भी नहीं खुला था। मायावती के मुताबिक, सपा और आरएलडी से गठबंधन करने के बाद भी आशा के अनुरूप परिणाम नहीं आए। यही वजह है कि वो पार्टी के विरोध में काम करने वालों के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रही हैं।
साथ ही बसपा सुप्रीमो के तेवर इस बार लोकसभा चुनाव के दौरान पार्टी विरोधी काम करने वालों के खिलाफ बेहद सख्त हैं। वरिष्ठ नेता रामवीर उपाध्याय के निलंबन के बाद मायावती ने ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी, जो कि लोकसभा चुनाव में पार्टी के प्रत्याशी के साथ नहीं थे।