बसपा सुप्रीमो मायावती ने कहा है कि भाजपा की कथनी और करनी में भारी अंतर है। हरियाणा के मामले में यह बात फिर उजागर हो गई है।
मायावती ने सोमवार को यहां जारी एक बयान में कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक ओर मन की बात में कहते हैं कि आस्था के नाम पर हिंसा बर्दाश्त नहीं की जाएगी। दूसरी ओर वह हरियाणा की मनोहर लाल खट्टर सरकार को बर्खास्त भी नहीं करते।
उन्होंने कहा कि क्या प्रधानमंत्री छह दिसंबर-1992 में अयोध्या में हुई हिंसा व विध्वंस के लिए देश से माफी मांगकर अपनी नेक नीयती का सबूत देंगे।
मायावती ने कहा कि भाजपा के अहंकारी रवैये से देश का काफी नुकसान हो चुका है, उसमें सुधार की जरूरत है।