प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला करते हुए बसपा सुप्रीमो मायावती ने कहा कि दलित की बेटी का नोटों की माला पहनना पीएम को अच्छा नहीं लग रहा है। भाजपा के लोग नोटों की माला पहनें तो ठीक, लेकिन दलित की बेटी पहने तो ठीक नहीं।
माया ने कहा कि बसपा के लोगों ने उन्हें काली कमाई के नोटों की माला नहीं पहनाई, अपनी कमाई के पैसों से अपनी नेता का सम्मान किया।
मायावती ने पीएम की गाजीपुर रैली को पूरी तरह फ्लॉप बताया। कहा, प्रधानमंत्री एक ओर तो भ्रष्टाचार के खिलाफ बातें करते हैं, दूसरी ओर रैली के लिए बिना किराये की ट्रेन चलवा रहे हैं।
मायावती ने सोमवार को लखनऊ में पत्रकारों से बातचीत में कहा कि भाजपा की गाजीपुर रैली पूरी तरह फ्लॉप रही। प्रधानमंत्री एक ओर तो भ्रष्टाचार के खिलाफ बातें करते हैं दूसरी ओर रैली के लिए बिना किराये की ट्रेन चलवा रहे हैं। मोदी को अपने गिरेबान में झांककर जवाब देना चाहिए।
जख्मों पर नमक छिड़क रहे पीएम
बसपा प्रमुख ने कहा कि प्रधानमंत्री लोगों को एक महीना धैर्य रखने की बात करते हैं। यह खुले आसमान तले लाइन में खड़े रहने को मजबूर लोगों के जख्मों पर नमक छिड़कने जैसा है। उन्होंने कहा कि वह भी 1000 व 500 की नोटों पर पाबंदी के खिलाफ नहीं हैं, लेकिन इसे पूरी तैयारी के साथ लागू करना चाहिए था।
ढाई साल के काम का हिसाब दें पीएम
मायावती ने कहा, प्रधानमंत्री बेईमान लोगों से आजादी से अब तक का हिसाब मांगें, बीएसपी उनके साथ है। पर, ढाई साल में उन्होंने क्या किया इसका भी हिसाब दें। पूर्वांचल के लोग अलग राज्य चाहते हैं। हमारी सरकार ने यूपी को पूर्वांचल, बुंदेलखंड, अवध और पश्चिमांचल बनाने का प्रस्ताव पहले ही भेज रखा है। इन्हें अलग राज्य बनाने के साथ आर्थिक सहायता भी दें।
नोटबंदी मामले में विपक्ष के साथ
नोटबंदी के मामले में पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी व कांग्रेस सहित अन्य दलों की एकजुटता के बीच बसपा के स्टैंड पर माया ने कहा कि इस मामले में वह विपक्ष के साथ हैं।