कुलपति प्रो. विनय पाठक
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एसटीएफ की बार-बार की नोटिस के बाद गच्चा दे रहे कमीशनखोरी में घिरे छत्रपति शाहूजी महाराज विवि कानपुर के कुलपति प्रो. विनय पाठक के खिलाफ जल्द ही बड़ी कार्रवाई हो सकती है। इसके लिए एसटीएफ उनकी गिरफ्तारी ले लेकर कोर्ट के जरिए गैर जमानती वारटं जारी कराके बुलाने समेत कई विकल्पों पर विचार कर रही है। हालांकि इसपर फैसला उच्चाधिकारियों से चर्चा के बाद किया जाएगा। उधर इस मामले में पाठक के कई और करीबी भी एसटीएफ के निशाने पर हैं, जिनके खिलाफ जल्द ही कार्रवाई की तैयारी है।
दरअसल एसटीएफ द्वारा की जा रही जांच में कई ऐसे सबूत मिले हैं, जिसके आधार पर जांच का दायरा और आगे बढ़ाने की तैयारी है। इस मामले में अब तक गिरफ्तार किए गए अजय मिश्रा समेत अन्य दो लोगों से मिली जानकारी के आधार पर एसटीएफ यह मान रही है कि पाठक के संरक्षण में हुए घोटाले की जड़ बहुत गहरी है और इसमें तमाम लोग शामिल हैं। इसलिए एसटीफ का यह भी प्रयास है कि जांच का दायरा बढ़ाकर घोटाले की जड़ तक पहुंचा जाए।
सुत्रों का कहना है कि अब तक पूछताछ में एसटीएफ को जानकारी मिली है कि पाठक के करीबी रहे आधे दर्जन से अधिक लोगों द्वारा भी करोड़ों की हेराफेरी में भागीदारी रही है। ऐसे मेंइन लोगों की भूमिका की भी गोपनीय जांच चल रही है। घोटाले में शामिल होने की पुष्टि होने के बाद कई और लोगों की भी गिरफ्तारी हो सकती है।