ऊर्जा एवं अतिरिक्त ऊर्जा स्रोत मंत्री श्रीकांत शर्मा
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ऊर्जा एवं अतिरिक्त ऊर्जा स्रोत मंत्री श्रीकांत शर्मा ने सोमवार को मध्यांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के अधीन आने वाले जिलों में आपूर्ति एवं लाइन हानियां कम करने के लिए चलाए जा रहे अभियान की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से समीक्षा की। उन्होंने बिलिंग में गड़बड़ी की शिकायतों पर संबंधित एजेंसी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश देने के साथ ही संबंधित की जवाबदेही सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने 30 दिन के भीतर मध्यांचल के 1232 व पश्चिमांचल के सभी चिह्नित 1010 हाई लॉस उपकेंद्रों को 15 प्रतिशत से नीचे ले आने के निर्देश भी दिए।
समीक्षा बैठक में उन्होंने कहा कि टेबल बिलिंग व गलत बिलिंग का निराकरण न हो पाने की शिकायतें मिल रही हैं। यह ऊर्जा विभाग की उपभोक्ता हितैषी छवि को नुकसान पहुंचा रहा है। इसे किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं किया जा सकता है। जहां भी शिकायत आ रही है वहां एमडी विशेष टीम भेजकर परीक्षण करायें। जहां भी गड़बड़ी है वहां बिलिंग करने वाली एजेंसी के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई के साथ ही एफआईआर भी दर्ज करायें। उपभोक्ता की गलत बिलिंग की शिकायतों पर संबंधित अधिकारी की जवाबदेही भी एमडी अपने स्तर से सुनिश्चित करें।
उन्होंने ट्रांसफार्मरों की लोड बैलेंसिंग न करने, उनके फुंकने के कारणों की सही जानकारी न दे पाने व लक्ष्यपूर्ति में लापरवाही पर नाराजगी जाहिर की। उन्होंने कहा कि लापरवाही से ईमानदार उपभोक्ता को नुकसान उठाना पड़ रहा है। उन्होंने दीपावली से पहले सभी वितरण ट्रांसफार्मरों की लोड बैलेंसिंग कराने के भी निर्देश दिये हैं। जिससे निर्बाध आपूर्ति में कोई कठिनाई न आये। यह भी कहा कि सभी उपभोक्ताओं को हर हाल में समय से बिल मिले इसका विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने निर्देशित किया कि सभी मुख्य अभियंता, अधीक्षण अभियंता, अधिशाषी अभियंता व एसडीओ अपने अधीन उपकेंद्रों का निरीक्षण कर मानकों के अनुसार कार्य करायें। उपभोक्ता समस्याओं का नियमित अनुश्रवण व निस्तारण करना भी सुनिश्चित करें। एक माह बाद सभी के कार्यों की पुन: समीक्षा की जाएगी, लापरवाही पर जवाबदेही भी सुनिश्चित होगी।