लखनऊ में प्रदर्शन करते कांग्रेसी।
- फोटो : amar ujala
कांग्रेस की पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी के खिलाफ चार्जशीट दाखिल करने के विरोध में कांग्रेस नेताओं ने बुधवार को प्रदेशभर में धरना-प्रदर्शन किया। साथ ही इसके विरोध में ज्ञापन भी दिया। कासगंज में धरने में शामिल कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि सोनिया गांधी व राहुल गांधी के खिलाफ फर्जी मामला बनाकर ईडी द्वारा चार्जशीट दायर की गई है। कांग्रेस इसे बर्दाश्त नहीं करेगी। हम राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ की इस साजिश से डरने-झुकने वाले नहीं हैं। इसी क्रम में लखनऊ कांग्रेस मुख्यालय से जुलूस निकाल कर ईडी कार्यालय के घेराव का कांग्रेस नेताओं ने प्रयास किए।
कांग्रेस नेता ईडी कार्यालय जाने के लिए निकले थे कि पुलिस ने बैरिकेडिंग करके रोक लिया। इस पर कांग्रेस नेता सड़क पर ही धरने पर बैठ गए। इसे लेकर उनकी पुलिस के साथ नोकझोंक भी हुई। इस दौरान अमित श्रीवास्तव त्यागी, डॉ. शहजाद आलम, रुद्र दमन सिंह, दिनेश सिंह, श्याम किशोर शुक्ला, अंकित तिवारी, अनस रहमान, किश्वर जहां, सुशीला शर्मा, डॉ. ऋचा शर्मा कौशिक आदि मौजूद रहे। इसी तरह अन्य जिला और शहर अध्यक्षों के नेतृत्व में जिलों में धरना-प्रदर्शन हुआ।
कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष व पूर्व मंत्री अजय राय ने आरोप लगाया है कि कासगंज के बडारी बैसवारा गांव में हुए सामूहिक दुष्कर्म मामले में भाजपा नेता भी शामिल हैं। सरकारी मशीनरी उसे बचाने में लगी है, किंतु कांग्रेस इस मामले को लेकर हर स्तर पर संघर्ष करेगी।
कासगंज जाकर पीड़ित परिवार से मिलने के बाद बुधवार देर शाम प्रदेश अध्यक्ष ने बताया कि सामूहिक दुष्कर्म ने प्रदेश सरकार की कानून व्यवस्था की पोल खोल दी है। कासगंज की घटना सिर्फ सामूहिक दुष्कर्म नहीं है बल्कि प्रतिशोध की भावना में अंजाम दिया गया जघन्य अपराध है। पूरे मामले की उच्च स्तर पर जांच होनी चाहिए और दोषियों को सख्त से सख्त सजा मिलनी चाहिए।