पंजाब से गिरफ्तार किए गए माफिया मुख्तार अंसारी के करीबी एवं लखनऊ का घोषित माफिया सरगना जुगनू वालिया से पूछताछ करने के लिए एसटीएफ की टीम पंजाब जाएगी। एसटीएफ के अधिकारी जुगनू वालिया की गिरफ्तारी के बाद लगातार पंजाब पुलिस से संपर्क बनाए हुए हैं। साथ ही, पंजाब पुलिस को उसकी हिस्ट्रीशीट भी भेजी जा चुकी है। अब एसटीएफ जुगनू वालिया से पंजाब पुलिस की इंट्रोगेशन रिपोर्ट को साझा करने का अनुरोध करेगी।
बताते चलें कि जुगनू वालिया लखनऊ में माफिया मुख्तार का कारोबार संभालता था। वह मुख्तार के साथ मिलकर ब्याज पर पैसा देने और प्रॉपर्टी का बड़ा कारोबार करता था। उसने कुछ साल पहले कांग्रेस पार्टी की सदस्यता भी ग्रहण की थी। इसी वजह से उसका पंजाब के कांग्रेस नेताओं के साथ संपर्क हुआ, जिसका फायदा बाद में मुख्तार अंसारी को भी पहुुंचा। एसटीएफ के अधिकारियों के मुताबिक जुगनू वालिया के पंजाब में अपने किसी रिश्तेदार के घर पर छिपे होने की बीते कई दिनों से सूचना मिल रही थी। एसटीएफ की टीम उसका पता लगा पाती, इससे पहले पंजाब पुलिस की एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स ने उसे शनिवार को दबोच लिया।
पंजाब के कई गैंगस्टर से संपर्क
जुगनू वालिया का संपर्क पंजाब के कई गैंगस्टर से है। रोपड़ जेल में मुख्तार अंसारी के रहने के दौरान वह तमाम गैंगस्टरों से उसकी बात कराता था। मशहूर पंजाबी गायक सिद्धू मूसेवाला और मुख्तार की रोपड़ जेल में कथित मुलाकात का सूत्रधार भी जुगनू वालिया बताया जाता है। पंजाब पुलिस ने उससे तमाम गैंगस्टरों से संपर्क के बारे में पूछताछ की है। इसकी जानकारी एसटीएफ से साझा की जाएगी।
लालबाग के मशहूर चाय कारोबारी को दी धमकी
जुगनू वालिया ने लालबाग इलाके के मशहूर चाय कारोबारी को भी धमकी दी थी। दरअसल, कारोबारी ने उससे कुछ रकम ब्याज पर उधार ली थी। दोनों के बीच कुछ विवाद होने पर जुगनू ने उसे जान से मारने की धमकी दी। जिसकी शिकायत व्यापारी ने लखनऊ पुलिस से की थी। उस पर राजधानी के थाना आलमबाग, हजरतगंज, मानकनगर में हत्या, हत्या के प्रयास, गुण्डा एक्ट समेत कुल 23 मुकदमे दर्ज हैं। आलमबाग में रेस्टोरेंट मालिक की हत्या के मामले में तत्कालीन पुलिस कमिश्नर डीके ठाकुर ने उस पर एक लाख रुपये का इनाम घोषित किया था।