धोखाधड़ी करने वाले 17 दुकानदारों पर नापतौल विभाग ने कार्रवाई की
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खुद को दिल्ली की क्राइम ब्रांच का इंस्पेक्टर बताकर जालसाजों ने जानकीपुरम में रहने वाले रिटायर्ड पुलिस इंस्पेक्टर को ढाई लाख रुपये का चूना लगा दिया। पीड़ित ने जानकीपुरम थाने में तीन नामजद व उनके अज्ञात के खिलाफ धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने मामले की जांच कर कार्रवाई की बात कही है।
जानकीपुरम के सरस्वतीपुरम में रहने वाले रघुनाथ सिंह भदौरिया रिटायर्ड इंस्पेक्टर हैं। उन्होंने जानकीपुरम थाने में तहरीर देकर बताया कि तीन जनवरी को एक व्यक्ति ने उन्हें फोन कर कहा कि वह दिल्ली क्राइम ब्रांच का इंस्पेक्टर गौरव मल्होत्रा है। गौरव ने कहा कि आपके नंबर से किसी लड़की ने अश्लील वीडियो डाले हैं, उन्हें डिलीट करा दें। गौरव ने किसी राहुल शर्मा का मोबाइल नंबर देकर कहा कि वीडियो डिलीट कराने के लिए उनसे बात कर लें अन्यथा परेशानी में पड़ जाएंगे। रघुनाथ ने राहुल को फोन किया तो उसने कहा कि वीडियो डिलीट कर रहा हूं मगर इसका पेमेंट गौरव मल्होत्रा को देना होगा।
कुछ दिनों बाद राहुल ने रघुनाथ को फोन कर कहा कि अश्लील वीडियो भेजने वाली लड़की को पकड़ने के लिए पुलिस टीम गई थी। मगर पुलिस के खौफ से उसने छत से कूदकर जान दे दी है। राहुल ने रघुनाथ से कहा कि इस मामले में आपका फोन नंबर आ रहा है। मगर लड़की के घरवालों से बात कर तीन लाख रुपये में मामला सेट कर लिया है। आपको उन्हें तीन लाख रुपये देने होंगे, नहीं तो परेशानी में पड़ जाएंगे। फिर राहुल ने किशन गोपाल कुशवाह नामक किसी व्यक्ति के बैंक खाते का नंबर दिया।
रघुनाथ ने उसके खाते में ढाई लाख रुपये जमा करा दिए। बाद में पता चला कि पूरा मामला फर्जी है। जानकीपुरम इंस्पेक्टर कुलदीप सिंह गौर का कहना है कि रघुनाथ सिंह भदौरिया की तहरीर पर दिल्ली क्राइम ब्रांच के कथित इंस्पेक्टर गौरव मल्होत्रा, राहुल शर्मा, किशन गोपाल कुशवाह व उनके सहयोगियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज किया गया है। उपनिरीक्षक प्रवीण कुमार को विवेचना सौंपी गई है।