कैंपबेल रोड ठाकुरगंज निवासी आनंदेश्वर अग्रहरि पत्नी की हत्या के आरोप में दिसंबर 2023 से जेल में बंद है। वह जेल अस्पताल में नर्सिंग (राइटर) का काम करता है। अनुभव की आनंदेश्वर से किसी बात को लेकर टेंशन चल रही है। पुलिस के सूत्र बताते हैं कि अनुभव ने उसे फंसाने के लिए यह साजिश रची। महेंद्र कुमार के फर्जी नाम से उसने ईमेल में लिखा कि जेल में बंद आनंदेश्वर मोबाइल फोन का इस्तेमाल करता है। वह कई गलत कामों में लिप्त है। उसने लखनऊ बेंच में जमानत के लिए अर्जी दी थी।
दो बार जमानत अर्जी निरस्त हो चुकी है। इससे वह नाराज है। जमानत अर्जी खारिज करने वाले लखनऊ बेंच के जज की हत्या की साजिश रच रहा है। इसके लिए उसने दो बंदियों को जिला अस्पताल में भर्ती भी कराया था। दोनों कुछ दिन पहले रिहा हो गए हैं। इसलिए आनंदेश्वर के क्रियाकलापों की जांच कराई जाए।
अनुभव पर दर्ज हैं 324 मुकदमे
अनुभव मित्तल पर 3700 करोड़ घोटाले के मामले में कुल 324 मुकदमे दर्ज हैं। आरोपी की पत्नी आयुषी व पिता सुनील मित्तल भी आरोपी हैं और जिला जेल में बंद हैं। अनुभव मित्तल को एसटीएफ ने गिरफ्तार किया था। वह फरवरी 2017 से जेल में बंद है।