राजधानी के महानगर स्थित प्रतिष्ठित सिटी मांटेसरी स्कूल में गुरुवार को कोरोना मरीज मिलने से हड़कंप मच गया। स्कूल के एक शिक्षक कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं। गनीमत यह रही कि स्कूल बंद होने की वजह से केवल शिक्षक और दसवीं-बारहवीं के बच्चे ही आ रहे थे। बाद में सभी लोगों का सैंपलिंग कराया गया। स्कूल प्रशासन ने इसकी जानकारी जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को दी। जिलाधिकारी अभिषेक प्रकाश के निर्देश पर एसीएम 5 नगर निगम और पुलिस बल के साथ स्कूल पहुंचे। परिसर को तत्काल खाली करवाकर सैनिटाइज कराया गया है। वहीं पूरे परिसर को सील भी किया गया है।
सीएमएस स्कूल के प्रवक्ता ऋषि खन्ना ने बताया कि शिक्षक टाइफाइड से ग्रस्त होने पर 12 मार्च से ही अवकाश पर चल रहे थे। तीन दिन पहले उन्होंने प्रधानाचार्या को फोन कर कोविड टेस्ट में पॉजीटिव होने की जानकारी दी। गुरुवार को एहतियात के तौर पर स्कूल को बंद किया गया है। उन्होंने बताया कि इस दौरान कक्षा 10 और 12वीं कक्षा की प्री बोर्ड और वाइवा परीक्षा चल रही थी, जिसके लिए प्रशासन से अनुमति ली गई थी।
पूर्वोत्तर रेलवे लखनऊ मंडल के पीआरओ सहित दो अफसर भी कोरोना पॉजिटिव मिले हैं। इसके बाद डीआरएम दफ्तर में सेनेटाइजेशन कराया गया। उधर, नरही में संतोष ऑप्टिकल में लगभग नौ लोगों के कोरोना पॉजिटिव मिलने के बाद गली को सील कर दिया गया।
डफरिन अस्पताल में कार्यरत डॉक्टर व स्टॉफ कोरोना वैक्सीन की दोनों डोज लेने बाद भी पॉजिटिव हो गए। दो डॉक्टर समेत दस लोग का स्टॉफ पॉजिटिव आया है। इससे अस्पताल में हड़कंप मचा हुआ है। नौ लोगों को एक माह पहले दोनों डोज लग चुकी हैं। जबकि एक कर्मचारी को वैक्सीन की पहली डोज लगी है। पूरे मामले की रिपोर्ट अस्पताल प्रशासन ने सीएमओ को भेजी है।
डफ रिन अस्पताल में कार्यरत दो डॉक्टर, दो लैब टेक्नीशियन, एक एक्सरे टेक्नीशियन, तीन सिक्योरिटी गार्ड, एक लिपिक और एक वार्ड आया में वायरस की पुष्टि हुई है। इससे अस्पताल में अफरातफरी मची हुई हैै। अफसरों का कहना है कि दो दिन पहले एक गर्भवती महिला को भर्ती कराया गया। एंटीजेन जांच हुई। रिपोर्ट नेगेटिव आई। आरटीपीसीआर की जांच के लिए नमूना भेज दिया गया। बुधवार को ऑपरेशन से प्रसव हुआ। शाम को महिला की रिपोर्ट पॉजिटिव आई। इससे अस्पताल में हड़कंप मच गया।
डीएम के निर्देश पर गुरुवार को सीएमओ आफिस से आई टीम ने सभी कर्मचारियों की एंटीजेन से जांच कराई। इसमें दस लोग पॉजिटिव आ गए। इस पूरे मामले की रिपोर्ट अस्पताल प्रशासन ने सीएमओ को भेजी है। अस्पताल में तैनात 326 में 234 की एंटीजेंन जांच हुई। अस्पताल प्रमुख डॉ. सुधा वर्मा के मुताबिक, नौ लोगों को एक माह पहले वैक्सीन लग चुकी थी। जबकि एक कर्मचारी ने पहली डोज ली। बताया पॉजिटिव मरीज के संपर्क में आए 40 लोगों के नमूने लेकर दोबारा आरटीपीसीआर जांच के लिए भेजे गए हैं।