उत्तर प्रदेश बार काउंसिल के आह्वान पर सेंट्रल बार एसोसिएशन की अगुवाई में रायबरेली की दीवानी कचहरी के अधिवक्ताओं ने सोमवार को विरोध दिवस मनाया। अधिवक्ता हित से जुड़ी विभिन्न मांगों को लेकर अदालती कामकाज नहीं किया। इससे वादकारियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा और उन्हें सिर्फ तारीख लेकर वापस लौटना पड़ा।
सेंट्रल बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अतुल कुमार शुक्ल ने बताया कि प्रयागराज व प्रतापगढ़ में हुई वकीलों की हत्या, बार काउंसिल को प्रतिवर्ष मिलने वाली 40 करोड़ की सहायता न मिलने, सोनभद्र में हुए नरसंहार आदि के विरोध में अधिवक्ता न्यायिक कार्य नहीं किया।
महामंत्री विजय कुमार वाजपेयी ने कहा कि आज अधिवक्ता असुरक्षित हैं। दरवेश सिंह के परिवारजनों को अभी तक सुरक्षा नहीं मिल सकी है। सूबे के मुख्यमंत्री को बार काउंसिल के अध्यक्ष से मिलने का समय दिया जाना दुखद है। मौके पर वरिष्ठ उपाध्यक्ष सतीश कुमार, मनोज वर्मा, कमलेश यादव, सूर्यभान मौर्य, सत्य प्रकाश त्रिवेदी, राज बहादुर सिंह, दिनेश गुप्ता, शर्मिला बानो, राजेश यादव आदि मौजूद रहे।