प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फरवरी में इन्वेस्टर्स समिट में बुंदेलखंड को ध्यान में रखकर डिफेंस कॉरीडोर की स्थापना का एलान किया था। इस कॉरीडोर पर जगह-जगह रक्षा आवश्यकता से जुड़ी सामग्री का उत्पादन होगा। आईआईटी कानपुर व आईआईटी बीएचयू के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस द्वारा उपलब्ध कराई गई नवीनतम तकनीक और ज्ञान के आधार पर निवेशक रक्षा सामग्री का उत्पादन करेंगे। इस कॉरीडोर से 20 हजार करोड़ रुपये निवेश अैर रक्षा सामग्री के उत्पादन व अनुसंधान से 2.5 लाख लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है।
औद्योगिक विकास विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि डिफेंस कारीडोर से जुड़ी समस्त गतिविधियों के लिए यूपीडा को नोडल एजेंसी नामित किया गया है। यूपीडा निदेशक मंडल ने 50 करोड़ रुपये आईआईटी कानपुर और 35 करोड़ रुपये आईआईटी बीएचयू को सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना के लिए प्रथम वर्ष में देने का प्रस्ताव किया है।