लखनऊ। डॉ. छेदीलाल साथी की जयंती पर रविवार को मूलवासी कश्यप निषाद गोंड जन उत्थान समिति और अति पिछड़ा समाज महासभा ने संगोष्ठी की। शिपमा भवन मल्हौर में हुई संगोष्ठी में आयोजक सतीश कश्यप ने कहा कि कश्यप समाज टुकड़ों में बंटा है, यही कारण है कि पूरे भारत में 30 करोड़ आबादी होने के बाद भी हम अपनी ताकत नहीं दिखा पा रहे है।
बाराबंकी के गया प्रसाद धुरिया ने बताया कि कश्यप, निषाद, गोंड समुदाय लगभग 150 उपजातियों में विभाजित है। इस समाज को एक मंच पर एकत्र होकर पहचान बनानी होगी। इस मौके पर कांत साहू, दयाराम सिंह गोंड, छवि राम कश्यप, नीलम गौड़, डॉ. छेदी लाल साथी के बड़े पुत्र अब्राहम लिंकन, सत्य नारायण कश्यप, उत्तम कश्यप, बृजमोहन कश्यप, राजेंद्र निषाद, संतोष कश्यप, बाल किशुन कश्यप, सतनाम निषाद, दिनेश कश्यप, मानवेंद्र गोंड, अवधेश कश्यप, सूरज कश्यप, राजीव, जगदीश कश्यप, सुधीर कुमार, राजेश कश्यप, इद्रशन गोंड आदि मौजूद रहे।