पेयजल और सीवर लाइन डालने के तुरंत बाद अब सड़कें ठीक कराई जाएंगी। क्षतिग्रस्त सड़कें संबंधित निर्माण एजेंसी ही ठीक कराएगी।
मुख्य सचिव जावेद उस्मानी ने इस संबंध में अधिकारियों को निर्देश दे दिए हैं। वह शनिवार को सीवर लाइन, पेयजल पाइप लाइन डालने के लिए काटी गई सड़कों को ठीक कराने और अब तक हुए कार्यों की समीक्षा कर रहे थे।
मुख्य सचिव ने निर्देश दिया कि महानगरों मे क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत समय से गुणवत्ता के साथ कराने की जिम्मेदारी संबंधित निर्माण इकाइयों की होगी।
सड़के टूटी-फूटी मिलीं तो संबंधित निर्माण इकाइयों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। मंडलायुक्त की अध्यक्षता में गठित समिति इसकी निगरानी करेगी।
विभिन्न योजनाओं में सीवर व पेयजल पाइप लाइन डालने से पूर्व कार्यदायी संस्थाओं को सड़क बनाने वाली निर्माण एजेंसियों से अनापत्ति प्रमाण पत्र प्राप्त करते हुए टूटी सड़कों को बनाने के लिए पैसा जमा करना होगा।
सड़क बनाने वाली निर्माण एजेंसियों लोक निर्माण व नगर निकाय की जिम्मेदारी होगी कि वे सीवर लाइन और पेयजल पाइप लाइन डालने के तुरंत बाद मरम्मत कराएं।
उन्होंने कहा कि महानगरों में सीवर लाइन व पेयजल पाइप लाइन डालने में क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत के लिए कार्यदायी संस्थाएं सात दिन के अंदर अनापत्ति प्रमाण पत्र देंगी।