रायबरेली। नगर पालिका परिषद का टाउन हॉल (अहमद नगर) में सात साल पहले बना बालिका इंटर काॅलेज अब तक शुरू नहीं हो सका है। इसे लेकर कई बार आवाज उठाई गई, लेकिन नतीजा सिफर रहा। हाल में हुए नगर पालिका चुनाव में कांग्रेस की जीत के बाद इस मुद्दे में तेजी दिखी। विद्यालय संचालन शुरू करने की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा गया और प्रदर्शन भी किया गया। नगर पालिका ने भी पहल शुरू कर दी। पालिका की पहली बोर्ड बैठक में मुद्दा गूंजा तो विद्यालय संचालन की उम्मीद जगी है।
पुलिस लाइन में नगर पालिका परिषद बालिका इंटर कालेज पहले से संचालित है। दूसरा विद्यालय टाउन हॉल में शुरू करने की योजना बनी थी। टाउन हॉल का विद्यालय भवन तो सात साल पहले बनकर तैयार हो गया, लेकिन इसे चालू करने का काम ठंडे बस्ते में चला गया। भवन में 17 कमरे बने हैं। बाहरी खिड़कियों पर जालियां व ग्रिल लगी थी। सामने के हिस्से में चारदीवारी नहीं है, जिससे अराजक तत्वों का जमावड़ा लगा रहता है। खिड़कियों की जालियां तोड़ दी गई और ग्रिल गायब हो गई। देखरेख के अभाव मे भवन के अंदर गंदगी का अंबार है। आसपास के लोगों का कहना है कि विद्यालय शुरू हो तो क्षेत्र की बालिकाओं को सुविधा मिल सकेगी।
वर्ष 2013 में भवन निर्माण शुरू हुआ, जो वर्ष 2016 में पूरा हो चुका था। चारदीवारी समेत कुछ काम ही बाकी रह गया है। पूर्व पालिकाध्यक्ष मो. इलियास बताते हैं कि करीब दो करोड़ की लागत से विद्यालय बनना था। सोनिया गांधी के प्रयास से लगभग 50 फीसदी बजट मिल गया था, जिससे 80 फीसदी से अधिक काम कराया जा चुका है। कांग्रेस की सरकार जाने के बाद बजट नहीं मिल सका, जिससे विद्यालय संचालन का मामला लटक गया। विद्यालय संचालन शुरू कराने का प्रयास किया जा रहा है।
रायबरेली। नगर पालिका परिषद बालिका इंटर कॉलेज टाउन हॉल का संचालन शुरू कराने की मांग को लेकर रायबरेली जनहित संघर्ष समिति लगातार आवाज उठा रही है। रविवार को भी कॉलेज के सामने क्षेत्रवासियों के साथ समिति के पदाधिकारियों ने प्रदर्शन किया। समिति के अध्यक्ष मो. अलीम अंसारी ने कहा कि कॉलेज के भवन निर्माण के सात वर्ष बाद भी संचालन शुरू नहीं हो सका। आसपास के क्षेत्रों की रहने वाली बालिकाओं को पढ़ने के लिए दूर जाना पड़ता है। इस मुद्दे को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है। भवन की देखरेख न होने से अराजकतत्वों का जमावड़ा लगा रहता है। इससे क्षेत्रवासी परेशान हैं। प्रदर्शन में शामिल शमीमा खान, नवाब अली, अहमद बिन कासिम, निसार खान, सैयद शकील अहमद, महमूद, वाजिदुल, मो. इमरान, उमैस सिद्दीकी, मो. इश्तियाक, मो. अनवर, अमीनुद्दीन, सईद अहमद, शाहिद अली, मो. नासिर आदि मोहल्लेवासियों ने विद्यालय संचालन शुरू करने की मांग की है। संवाद