आम आदमी पार्टी (आप) सांसद व प्रदेश प्रभारी संजय सिंह ने राम मंदिर भूमि पूजन समारोह में राष्ट्रपति को ना बुलाए जाने पर भाजपा पर जमकर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति को कार्यक्रम में न बुलाकर भाजपा और प्रदेश सरकार ने दलितों का अपमान किया है। भाजपा का दलित विरोधी चेहरा सामने आ गया है।
शुक्रवार को देर रात किए ट्वीट में आप सांसद ने कहा कि आज मुझे एक दलित नेता ने फोन करके कहा कि राष्ट्रपति दलित थे इसलिए कार्यक्रम में उन्हें नहीं बुलाया गया। इसी तरह पिछड़ा होने की वजह से उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्या को भी नहीं बुलाया गया, ऐसा क्यों? भाजपा दलितों को मंदिर से बाहर क्यों रखना चाहती है। संजय सिंह ने कहा भाजपा दलित विरोधी है।
राम मंदिर भूमि पूजन में प्रधानमंत्री स्वयं पहुंचते हैं पर राष्ट्रपति को नहीं बुलाते। उन्होंने कहा कि पिछड़ी जाति के कल्याण सिंह जैसे वरिष्ठ भाजपा नेताओं को भी कार्यक्रम में न बुलाये जाने पर सवाल उठाया है। उन्होंने राष्ट्रपति को जगन्नाथ पुरी मंदिर में भी प्रवेश नहीं करने देने पर आलोचना की है।
आप सांसद ने कहा कि पिछले कई वर्षों के आंकड़े देखें तो दलितों के खिलाफ सबसे ज्यादा अपराध भाजपा के शासनकाल में हुए हैं। दलितों को प्रसाद बांटने पर उन्होंने कहा कि भाजपा सिर्फ दलित प्रेम का दिखावा करती है। दलितों को प्रसाद बांट सकते हैं, लेकिन राष्ट्रपति को पूजन में आमंत्रित नहीं किया। यह दलितों का घोर अपमान है।