उच्च न्यायालय की लखनऊ बेंच ने आईपीएस अफसर अमिताभ ठाकुर के मामले में राज्य सरकार की तरफ से चार सप्ताह में प्रति शपथपत्र दाखिल करने को कहा है।
जस्टिस दिनेश कुमार सिंह की अदालत ने गुरुवार को यह आदेश दिए। याची की अधिवक्ता डा. नूतन ठाकुर ने पूर्व मुख्य सचिव अलोक रंजन तथा अन्य द्वारा फर्जी अभिलेख बना कर अमिताभ ठाकुर को प्रताड़ित करने की शिकायत की थी जिसकी अदालत ने पूर्व में जांच के आदेश दिए थे।
नूतन ठाकुर ने इस प्रकरण में मुख्य सचिव व अन्य अधिकारियों पर अदालत का अवमानना करने का आरोप लगाया था। अदालत ने इस मामले में मुख्य सचिव की तरफ से पेश हुए अधिवक्ता के आग्रह पर चार सप्ताह का समय देते हुए इस अवधि में प्रति शपथपत्र दाखिल करने का अंतिम मौका दिया है।