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केजीएमयूः हॉस्टल के खाने में मिल रहे कीड़े और कंकड़, जमकर बवाल, मेस संचालक ने दी धमकी

Tue, 27 Aug 2019 01:59 PM IST
लखनऊ ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
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केजीएमयू के हॉस्टल के खाने में निकले कीड़े - फोटो : amar ujala
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किंग जार्ज मेडिकल विश्वविद्यालय के न्यू टीजी हॉस्टल के छात्रों को सड़ा खाना और गंदा पानी पिलाया जा रहा है। यहां सब्जी में कीड़े मिल रहे हैं। शिकायत करने पर मेस संचालक ने धमकी दी। इस बात को लेकर रात में जमकर बवाल हुआ। इस मामले में छात्रों ने केजीएमयू प्रशासन से लिखित शिकायत की है।

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न्यू टीजी हॉस्टल में एमबीबीएस 2014 बैच के इंटर्न छात्र रह रहे हैं। यहां नर्सिंग छात्र भी रहते हैं। हॉस्टल के अंदर मेस का संचालन हो रहा है। यहां करीब 500 छात्र खाना खाते हैं। शुक्रवार को बैंगन की सब्जी में कीड़े मिलने पर छात्रों ने ऐतराज जताया। इस बात को लेकर जमकर बवाल हुआ।

इसके बाद भी उन्हें वही सब्जी खाने के लिए विवश किया गया। इस दौरान ज्यादातर छात्रों ने खाना नहीं खाया। अगले दिन भी खाने की गुणवत्ता बहुत खराब रही। इससे गुस्साए छात्रों ने खाना खाने से मना कर दिया। इसके बाद भी व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ। इस पर छात्रों ने केजीएमयू प्रशासन से लिखित शिकायत की है।

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छात्रों की रजामंदी से चल रहीं मेस

खाने में निकले कीड़े - फोटो : amar ujala
जांच कराई जा रही है
छात्रों की शिकायत मिली है। मामले की जांच कराई जा रही है। खाने की गुणवत्ता प्रभावित नहीं होने दी जाएगी। मेस संचालक से बात की गई है। छात्रों द्वारा उपलब्ध कराई गई फोटो की भी जांच कराई जा रही है। - डॉ. सुधीर सिंह, मीडिया प्रभारी केजीएमयू

हाॅस्टल के मेस छात्रों की रजामंदी पर चल रही है। वहां के छात्रों ने ही मैनेजर तय किया था। वहीं मेन्यू तय करते हैं। मेस के संचालन में केजीएमयू प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं है। फिर भी छात्रों की सेहत को ध्यान में रखते हुए जांच कराई जाएगी।
- डॉ एए सोनकर, वार्डन न्यू टीजी हॉस्टल।

शिकायत करने पर मिलती है धमकी
छात्रों का आरोप है कि पानी भी गंदा था। शिकायत करने पर मेस संचालक ने धमकी दी। इतना ही नहीं उन्हें डंडे भी दिखाए गए और फेल कराने की धमकी भी दी गई। उन्होंने बताया कि करीब एक माह से खाने की गुणवत्ता खराब कर दी गई है। चावल और दाल में कंकड़ मिले होते हैं। उन्हें खाया नहीं जा सकता है। छात्रों का आरोप है कि एक पीस बैंगन की सब्जी में चार से पांच कीड़े थे। इससे लगता है कि छंटनी के बाद हटाए गए खराब बैगन खरीदकर उसकी सब्जी बनाई गई।

 
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