घायल रवि व पुलिस की गिरफ्त में आरोपी।
लखनऊ। पिटाई का बदले लेने के लिए युवक पर चाकू से ताबड़तोड़ कई वार कर उसे मरा समझकर इंदिरा नहर में फेंक दिया गया। गंभीर रूप से घायल युवक किसी तरह नहर से तैरकर बाहर निकला और लोगों से मदद मांगी। घायल युवक की तहरीर पर मंगलवार गोसाईंगंज पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की गई कार भी बरामद की है।
इंस्पेक्टर गोसाईंगंज दिलेश कुमार सिंह के मुताबिक सेमरापीतपुर निवासी रवि (23) मजदूरी करते हैं। 22 जनवरी को सुशांत गोल्फ सिटी के चौरासी गांव निवासी अजीत से उनका किसी बात पर विवाद हो गया था। रवि ने अजीत की पिटाई कर दी थी। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ शांतिभंग में कार्रवाई भी की थी। अजीत पुलिस की कार्रवाई से असंतुष्ट था। उसने पिटाई का बदला लेने की ठानी। अजीत ने अपने फुफेरे भाई बृजेश उर्फ छोटू, मलौली निवासी राम सिंह, सौरभ वर्मा, विशाल यादव और प्रशांत यादव के साथ मिलकर 26 जनवरी की रात आठ बजे रवि को उसके गांव के पास ही पकड़ लिया। आरोपियों ने मिलकर उसे मारापीटा और गले पर चाकू से कई वार कर दिए। इसके बाद उसे मृत समझकर कार में लादकर ले जाकर अचली खेड़ा पुल से इंदिरा नहर में फेंक दिया।
राहगीरों के मोबाइल से परिजनों से किया संपर्क
घायल रवि किसी तरह तैरकर नहर किनारे पहुंचे और राहगीरों को देख शोर मचाया। राहगीरों ने उन्हें नहर से बाहर निकाला। राहगीरों के ही फोन से उन्होंने पिता सुशील कुमार को फोन कर घटना की जानकारी दी। परिजनों ने घायल रवि को अस्पताल में भर्ती कराया। घायल रवि की तहरीर पर अजीत, छोटू, राजेश और कुछ अज्ञात पर जबरन गाड़ी में बैठाकर पिटाई करने व हत्या का प्रयास की धारा में केस दर्ज किया गया।
सर्विलांस की मदद से पकड़े गए आरोपी
इंस्पेक्टर गोसाईंगंज ने बताया कि सर्विलांस की मदद से मुख्य आरोपी अजीत, उसके फुफेरे भाई बृजेश उर्फ छोटू, मलौली निवासी राम सिंह, सौरभ वर्मा, विशाल यादव और प्रशांत यादव को गिरफ्तार किया। बरामद कार राम सिंह की है। उसपर गोसाईंगंज में लूट समेत तीन आपराधिक मामले दर्ज हैं। जांच में पता चला की अजीत के अलावा वारदात में सौरभ, विशाल और प्रशांत भी शामिल थे। नामजद आरोपी का असली नाम राजेश नहीं राम सिंह है।
घायल रवि व पुलिस की गिरफ्त में आरोपी।