लखनऊ। अफ्हाम-ए-जमा सोसाइटी की ओर से बुधवार को दौलतगंज स्थित सोसाइटी कार्यालय में अलविदाई मजलिस का आयोजन किया गया। इसमें इमाम हुसैन की शहादत को याद किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत कुरआन की तिलावत से हुई। इसके बाद वली नकवी, मोहम्मद अब्बास, मोहम्मद अली मदहोश, शान नकवी, शारिख सीतापुरी और काजिम अली खां ने अपने कलाम पेश किए।
मौलाना शाह मोहम्मद अली रिजवी ने हजरत इमाम हुसैन और हजरत अली के जीवन और उनके गुणों पर रोशनी डाली। उन्होंने इमाम जैनुल आबेदीन और हजरत इमाम हुसैन की चार साल की बेटी जनाबे सकीना पर हुए दुखों का भी जिक्र किया। इस दौरान मजलिस में मौजूद लोगों की आंखें नम हो गईं। मजलिस के बाद शारिख सीतापुरी ने नौहाख्वानी की। सोसाइटी के अध्यक्ष सैयद अली मीसम नकवी ने सभी का आभार जताया।