मेट्रो
रेल नेटवर्क के लिए बनने वाले मदर डिपो का नक्शा और उसका डिजाइन सोमवार को
गृह विभाग के अधिकारियों के समक्ष प्रस्तुत किया गया।
कानपुर रोड पर 32वीं
वाहिनी पीएसी की 80 एकड़ भूमि पर ये डिपो बनाया जाना है। गृह विभाग वैसे
तो इस भूमि को मदर डिपो के लिए देने को राजी है मगर महकमा चाहता है कि,
उसकी कम से कम भूमि ली जाए।
बहुत से पक्के निर्माण भी यहां हैं, जिनको डिपो
बनाने के लिए ध्वस्त किया जाएगा। इसलिए डिजाइन और नक्शा लेने के बाद अब
विभाग ने अपने स्तर पर सर्वे कराने का फैसला किया है। उम्मीद है कि, इस
सर्वे के बाद 19 सितंबर को डिपो की कितनी जमीन डिपो के लिए जाएगी, इस पर
अंतिम सहमति बन जाएगी।
प्रमुख सचिव गृह
आरएन श्रीवास्तव और मेट्रो सेल के चेयरमैन राजीव अग्रवाल ने दोनों पक्षों
की ओर से बैठक की अध्यक्षता की। मेट्रो सेल की ओर से डीएमआरसी की ओर से
दिया गया मानचित्र और डिजाइन प्रमुख सचिव गृह को प्रस्तुत किया गया।
जिसमें
डिपो में वर्तमान का कितना पक्का हिस्सा ध्वस्त किया जाएगा, इसकी जानकारी
दी गई। इस आधार पर अब गृह विभाग अपना सर्वे कराएगा।
मेट्रो सेल के चेयरमैन
राजीव अग्रवाल ने बताया कि, 19 सितंबर को दोबारा मीटिंग संभव है। कोशिश यह
है कि, इस डिपो के निर्माण के दौरान अगर कुछ जमीन वाहिनी की बच सके, तो
उसको बचा लिया जाए। इसके लिए गृह विभाग सर्वे कराएगा।