उत्तर प्रदेश हिंदी संस्थान के 43वें स्थापना दिवस के अवसर पर सोमवार को साहित्यसेवियों का सम्मान किया जाएगा। पुरस्कृत होने वाले साहित्यकारों और लेखकों के नामों की घोषणा सितंबर महीने में की गई थी।
सुबह 9:30 बजे से उप्र हिंदी संस्थान के यशपाल सभागार में होने वाले समारोह के मुख्य अतिथि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ होंगे और कार्यक्रम की अध्यक्षता उप्र विधानसभा अध्यक्ष हृदयनारायण दीक्षित करेंगे।
समारोह में वर्ष 2018 का प्रतिष्ठित साहित्यिक सम्मान भारत भारती पटना की साहित्यकार-लेखिका डॉ. ऊषा किरण खान को दिया जाएगा। इसके तहत उन्हें 5 लाख रुपये की राशि दी जाएगी। पटियाला के डॉ. मनमोहन सहगल को लोहिया साहित्य सम्मान से नवाजा जाएगा।
वाराणसी के डॉ. बदरीनाथ कपूर को हिंदी गौरव सम्मान, भागलपुर के श्रीभगवान सिंह को महात्मा गांधी साहित्य सम्मान, दिल्ली की डॉ. कमल कुमार को अवंती बाई साहित्य सम्मान और लखनऊ के डॉ. ओमप्रकाश पांडेय को पं. दीनदयाल उपाध्याय साहित्य सम्मान और इंफाल के मणिपुर हिंदी परिषद को राजर्षि पुरुषोत्तमदास टंडन सम्मान दिया जाएगा।
इन सभी साहित्यकारों और संस्था को 4-4 लाख रुपये की पुरस्कार धनराशि दी जायेगी। अनेक चर्चित सम्मानों के साथ ही 20 साहित्यकारों को साहित्य भूषण और 15 साहित्यकारों को सौहार्द्र सम्मान से सम्मानित किया जाएगा। इस दौरान बाल साहित्यकारों को बाल साहित्य पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा।
साथ ही विभिन्न श्रेणियों के 38 लेखकों को वर्ष 2018 में प्रकाशित पुस्तकों पर 75-75 हजार रुपये और 38 लेखकों को विभिन्न सर्जना पुरस्कार दिए जाएंगे।