लखनऊ। केजीएमयू के नेत्र रोग विभाग में मरीजों से बाहर से लेंस और दवाएं मंगाने के मामले में प्रशासन ने सख्त कार्रवाई की है। विभाग की प्रमुख को प्रतिकुलपति के अतिरिक्त पदभार से हटा दिया गया है। इस संबंध में उन्हें पहले नोटिस जारी किया गया था। संतोषजनक जवाब नहीं मिलने के बाद प्रशासन ने यह निर्णय लिया।
मामले की जांच में मरीजों से बाहर से लेंस और दवाएं मंगाने की शिकायतों की पड़ताल की गई। जांच कमेटी की सिफारिश पर एक आरोपी डॉक्टर के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई की गई। वहीं, विभाग की निगरानी और व्यवस्थाओं में सामने आई खामियों को लेकर भी जिम्मेदारी तय की गई।
केजीएमयू प्रशासन के मुताबिक मरीजों को बाहर से लेंस और दवाएं लिखने के मामले में ओटी इंचार्ज समेत अन्य कर्मचारियों को भी नोटिस दिए जा चुके हैं। प्रशासन का कहना है कि जांच की निष्पक्षता बनाए रखने और विभाग की व्यवस्थाओं में सुधार के लिए नेत्र रोग विभागाध्यक्ष को प्रतिकुलपति के पद से अलग किया गया है।
केजीएमयू ने कुछ समय पहले स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग (क्वीन मेरी) की अध्यक्ष डॉ. अंजू अग्रवाल को नया प्रतिकुलपति नियुक्त किया है। कुलपति डॉ. सोनिया नित्यानंद ने कहा कि जांच की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए नेत्र रोग विभाग की प्रमुख को प्रतिकुलपति पद से हटाया गया है।