लखनऊ। शैक्षिक योग्यता व कुशल प्रशिक्षण के दम पर आधी आबादी रोजगार क्षेत्र में भी दबदबा बना रही है। इनकी भागीदारी में उछाल आया है। सेवायोजन विभाग की ओर से इस वर्ष आयोजित नौ रोजगार मेलों में करीब 1800 वतियों के हाथ नौकरी लगी है। बीते वर्ष यह संख्या एक हजार से कम थी।
जिला सेवायोजन अधिकारी प्रज्ञा त्रिपाठी का कहना है कि आईटीआई, पॉलीटेक्निक, डिप्लोमा के साथ एमबीए व बीटेक की शैक्षिक योग्यता वाली युवतियों की निजी कंपनियों में मांग है। कंपनी के तकनीक संबंधी कार्यों के साथ प्रबंधन तंत्र में भी इनके लिए नौकरी के अवसर अधिक है। बीते नौ रोजगार मेलों में प्रत्येक में चयनितों में 50 फीसदी के करीब युवतियां रही हैं। वर्ष 2024 के मुकाबले यह आंकड़ा 30 फीसदी से अधिक है।
अलीगंज राजकीय आईटीआई के प्लेसमेंट अधिकारी एमए खान ने बताया कि टाटा मोटर्स, हीरो, मारुति सुजुकी व अन्य प्रमुख कंपनियों में युवतियों की मांग में इजाफा हुआ है। यही वजह है कि हर रोजगार मेले में करीब 30 फीसदी सीटों पर युवतियों का प्राथमिकता के साथ चयन हो रहा है। उन्होंने बताया कि व्यावसायिक व डिप्लोमा इंजीनियरिंग की योग्यता रखने वालों की मांग अधिक है।
रोजगार मेलों में चयनित युवतियां
माह वर्ष 2024 वर्ष 2025
जनवरी- 50 97
फरवरी - 10 18
मार्च - 150 340
अप्रैल- 220 444
मई 100 133
जून- 13 22
जुलाई- 50 74
अगस्त- 100 205
सितंबर- 210 463