राज्यपाल आनंदीबेन पटेल की पहल पर मंगलवार को लखनऊ के 10 लाख से ज्यादा विद्यार्थी एक साथ किताब पढ़ने का रिकॉर्ड बनाने में जुटे हैं। इस दौरान राजकीय इंटर कॉलेज निशातगंज में राज्यपाल ने बच्चों के साथ एक घंटे तक पुस्तक पढ़ी।
अभियान में प्राथमिक, माध्यमिक, मदरसा, संस्कृत संस्थान, उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा और चिकित्सा शिक्षा के संस्थान शामिल हैं। लखनऊ विश्वविद्यालय में सुबह 11 बजे इस अभियान की शुरुआत हुई। इसके बाद राज्यपाल राजकीय इंटर कॉलेज निशातगंज पहुंचीं और बच्चों के साथ एक घंटे तक पुस्तक पढ़ी।
मंगलवार से अभियान की शुरुआत के बाद हर महीने की पहली तारीख को सुबह 11 से 11.30 बजे तक विद्यार्थियों के लिए विशेष पीरियड ‘पढ़े लखनऊ’ के नाम से होगा। इसमें उन्हें पसंद की कोई भी किताब पढ़नी होगी। यह उनके पाठ्यक्रम का हिस्सा नहीं होनी चाहिए।
राज्यपाल की पहल का उद्देश्य युवाओं को मोबाइल और इंटरनेट के चंगुल से निकालकर उनमें किताब पढ़ने की आदत विकसित करना है। लविवि के कुलपति प्रो. एसपी सिंह को अभियान का नोडल अधिकारी बनाया गया है। पहली बार की थीम ‘महात्मा गांधी का स्वतंत्रता के लिए संघर्ष’ है, पर विद्यार्थी अपनी पसंद की पुस्तक लाने के लिए स्वतंत्र होंगे।