प्रदेश सरकार ने पहले चरण में 54,022 गांवों को स्वामित्व योजना में शामिल किया है। राजस्व विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि आबादी क्षेत्रों का सर्वेक्षण ड्रोन तकनीक से होगा। जिलास्तर पर डीएम के अलावा राजस्व परिषद व शासन स्तर पर नियमित रूप से इसकी प्रगति की मॉनिटरिंग की जाएगी।
ग्राम पंचायत को लाभ संपत्ति विवाद से मुक्ति
- अपने क्षेत्राधिकार में संपत्ति धारण करने वालों की नवीनतम जानकारी उपलब्ध होगी। इससे विकास योजना बनाने में मदद मिलेगी।
- निजी व ग्राम समाज के बीच भूमि विवाद में कमी आएगी। प्रत्येक संपत्ति की सीमा व क्षेत्रफल सुनिश्चित होने से निजी संपत्ति के विवाद भी कम होंगे।
...और ग्रामीणों को ये लाभ
- प्रत्येक संपत्ति धारक को संपत्ति का प्रमाणपत्र व भूमि स्वामित्व प्राप्त होगा।
- सार्वजनिक उपयोग की संपत्ति का स्थानीय लोग समान तरीके से उपयोग कर सकेंगे।