लखनऊ। दुबग्गा निवासी व्यापारी के बेटे निखिल गुप्ता (22) की आत्महत्या के मामले में मलिहाबाद के दुलारमऊ गांव निवासी आरजू, उसकी मां और कुछ अज्ञात लोगों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने की एफआईआर दर्ज हुई है। पिता का आरोप है कि आत्महत्या से पहले निखिल और आरजू के बीच वीडियो कॉल पर बातचीत हो रही थी।
इंस्पेक्टर श्रीकांत राय के मुताबिक, मोहन विहार कॉलोनी निवासी अंबरीश गुप्ता ने बताया कि उनके बेटे का आरजू से प्रेम-प्रसंग था। आठ सितंबर की सुबह आरजू ने उन्हें फोन कर निखिल से बातचीत की जानकारी दी। इसके बाद उन्होंने बेटे को समझाया। आरोप है कि निखिल ने कहा था कि पापा, जल्दी बात कर लेना, मैं बहुत परेशान हूं। अंबरीश के मुताबिक, आरजू के दबाव से निखिल परेशान था। आत्महत्या से पहले निखिल और आरजू के बीच वीडियो कॉल पर बातचीत भी हो रही थी। बाद में उसने घर में फंदा लगा लिया। अंबरीश का आरोप है कि आरजू, उसकी मां और कुछ अज्ञात लोग लगातार उनके बेटे पर दबाव बना रहे थे। एसीपी काकोरी शकील अहमद ने बताया कि मृतक और आरोपी के मोबाइल की कॉल डिटेल खंगाली जा रही है।