कोरोना संकट के कारण लागू सख्त नियमों के तहत जो लोग नगर निगम के कल्याण मंडप और कम्युनिटी सेंटर की बुकिंग आयोजन से पहले निरस्त कराएंगे, उनको जीएसटी छोड़कर पूरा पैसा वापस किया जाएगा। अभी तक बुकिंग कराने के बाद उसे निरस्त करने पर समय के हिसाब से 90 प्रतिशित तक पैसा जब्त हो जाता था। मगर अब ऐसा नहीं होगा। नगर निगम से पहले आवास विकास परिषद भी कोरोना संकट को लेकर इसी तरह का आदेश कर चुका है।
नगर निगम के शहर में करीब दर्जनभर कल्याण मंडप हैं। उनमें ज्यादातर इस पूरे माह वैवाहिक आयोजनों को लेकर तीन महीने पहले से ही बुक हैं। अब कोरोना संकट में वैवाहिक आयोजन को लेकर कड़े नियम हैं, जिसके कारण लोग या तो कार्यक्रम को स्थगित कर रहे हैं या उसकी तारीख आगे बढ़ा रहे हैं। इन दोनों मामलों में उनकी पहले की बुकिंग निरस्त हो रही है। नगर निगम में कल्याण मंडप बुकिंग के नियमों के तहत आयोजन से 15 दिन पहले निरस्त कराने पर 25 प्रतिशत, एक सप्ताह पहले निरस्त कराने पर 50 प्रशितत और दो दिन पहले निरस्त कराने पर 90 प्रतिशत पैसा कटौती का नियम है, लेकिन अब आयोजन से पहले किसी भी समय बुकिंग निरस्त कराने पर कोई कटौती नहीं होगी। आवेदक को पूरा पैसा वापस किया जाएगा।
कोरोना संकट के कारण कल्याण मंडप या कम्युनिटी सेंटर की बुकिंग को जो भी आवेदक निरस्त कराएंगे उनको जीएसटी छोड़कर पूरा पैसा वापस कर दिया जाएगा। जो आवदेक अगली तारीख चाहेंगे उनको बुकिंग भी उपलब्धता के आधार पर की जाएगी।
- अजय द्विवेदी, नगर आयुक्त
एलडीए में अभी कोई राहत नहीं
एलडीए सचिव पवन गंगवार ने बताया कि कम्युनिटी सेंटर या दूसरी लोकेशन पर शादी व अन्य समारोह के लिए पूर्व के नियम के मुताबिक ही रिफंड होगा। अगर आवास विभाग से कोई निर्देश कोविड काल को देखते हुए आता है तो उसके मुताबिक फैसला लिया जाएगा। वैसे भी अभी बुकिंग ही बहुत कम संख्या में हुई हैं। इनमें भी अधिकांश लोग मेहमानों की संख्या सीमित कर कार्यक्रम आयोजित कर रहे हैं। एलडीए लोगों की सहूलियत को भी देखेगा, इसीलिए आयोजन भी होने दिए जा रहे हैं।