सरोजनीनगर। बंथरा के नरेरा गांव निवासी वीरेंद्र कुमार ने विकास नगर के कंचना बिहारी मार्ग निवासी रोहित सिंह और श्वेता पर 44.56 लाख रुपये की ठगी का आरोप लगाया है। यह ठगी सरकारी नौकरी और पीएम आवास दिलाने के नाम पर की गई। डीसीपी दक्षिणी अमित आनंद के आदेश पर बंथरा पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
वीरेंद्र के अनुसार, वर्ष 2023 में उनकी मुलाकात रोहित सिंह से हुई। रोहित ने सरकारी विभागों में अपनी पहुंच का दावा किया। उसने उन्हें सरकारी नौकरी और पीएम आवास दिलाने का झांसा दिया। इस पर उन्होंने अपने भाई संजय कुमार, बहन उषा देवी और दोस्त अमित कुमार के लिए नौकरी मांगी। उन्होंने अपने लिए, बहन अंजू देवी और बहनोई सतीश कुमार के लिए पीएम आवास की बात कही।
इस पर रोहित और उसकी पत्नी श्वेता ने संजय को परिवहन विभाग में संयुक्त सचिव, उषा को सरकारी स्कूल की प्रधानाचार्य और अमित को आबकारी विभाग में लिपिक की नौकरी दिलाने का वादा किया। इसके बदले उन्होंने 44.56 लाख रुपये नकद और 1.36 लाख रुपये का आईफोन मांगा। पीड़ितों ने आरोपियों को भुगतान कर दिया।
आरोपियों ने थमा दिए फर्जी नियुक्ति पत्र
रकम मिलने के कुछ समय बाद आरोपियों ने सभी को नियुक्ति पत्र और पीएम आवास के दस्तावेज दिए। संबंधित विभाग के दफ्तर पहुंचने पर पीड़ितों को पता चला कि सभी नियुक्ति पत्र और आवास के दस्तावेज फर्जी थे। उन्होंने आरोपियों से रकम और आईफोन वापस मांगा, तो वे पहले टालमटोल करते रहे और फिर धमकाना शुरू कर दिया। इंस्पेक्टर राणा राजेश सिंह ने बताया कि प्रारंभिक जांच में मामला सही पाया गया है। तफ्तीश जारी है।