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जालसाजों ने सोशल मीडिया के जरिए बुना ठगी का जाल, दूसरे राज्यों के व्यापारी भी फंसे

Sat, 21 Jul 2018 04:02 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
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Kumbh Mela 2019
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ठगी के दो केस
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केस 1: चादर-कंबल की सप्लाई के लिए गंवाए 2 करोड़
दिल्ली के गिरधारी टेंट सर्विसेज के मालिक ने बताया कि कुंभ में चादर व कंबल की सप्लाई के लिए 444 करोड़ रुपये के टेंडर थे। आवेदन किया और दो करोड़ रुपये का डिमांड ड्राफ्ट दे दिया, पर जब लखनऊ में पर्यटन विभाग में संपर्क किया तो यूपी टूरिज्म लखनऊ का एकाउंट भी फर्जी निकला। जो कागज दिए गए थे, उस पर महानिदेशक के सिग्नेचर भी नकली थे। खुद को लुटा सा महसूस कर रहा हूं।

केस 2: डॉक्यूमेंट्री के लालच में लगा 10 लाख का चूना
राखी सेन को उनके करीबी ने कुंभ में डॉक्यूमेंट्री बनाने का ठेका दिलवाने का आश्वासन दिया। बीते जून में पर्यटन निगम के अधिकारियों से मिलवाने भी लाए। एक के बाद एक कई लोगों से मुलाकात करवाई और ढाई करोड़ रुपये का ठेका दिलवाने का सिस्टम समझाया। इसके एवज में दस लाख रुपये मांगे। पैसा दे दिया, पर पड़ताल में टेंडर ही फर्जी निकला। राखी सेन ने डीजी पर्यटन से मिलकर शिकायत दर्ज कराई है। 
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जालसाजों ने कुंभ मेले में डॉक्यूमेंट्री मेकिंग से लेकर चादर, कंबल, तौलिये की सप्लाई को लेकर 2,727 करोड़ रुपये के टेंडर निकाले जाने की सूचना सोशल मीडिया के जरिए पूरे देश में फैलाई थी। मुरादाबाद, गाजियाबाद, दिल्ली, बरेली, मेरठ ही नहीं राजस्थान, मुंबई, गुजरात तक के नामचीन बिजनेस टाइकून भी उनके जाल में फंस गए और इसके लिए आवेदन किया।
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व्हाट्सएप से शुरू हुआ टेंडर का कारोबार

डेमो
कई आवेदकों ने तो अच्छी-खासी रकम भी जमा कर दी। जब इस संबंध में और जानकारी लेने के लिए वे लखनऊ स्थित पर्यटन विभाग के दफ्तर पहुंचे तो पता चला कि इस तरह का टेंडर जारी नहीं किया गया है। टेंडरों का यह कारोबार व्हाट्सएप से शुरू हुआ। पर्यटन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि करीब 20 दिन पहले कुंभ मेला प्राधिकरण ने इलाहाबाद में व्हाट्सएप पर टेंडरों का कारोबार करने वाले एक शख्स को पकड़ा था।

आवेदकों से पूरा लेन-देन सोशल मीडिया के जरिए हो रहा था। जब पर्यटन अधिकारियों तक ये मेसेज पहुंचे तो अधिकारी सकते में आ गए । पर्यटन निगम के मुताबिक कुंभ में डॉक्यूमेंट्री बनाने के लिए बॉलीवुड के कई बड़े प्रोडक्शन हाउसों ने संपर्क किया। अधिकारी ने बताया कि बॉलीवुड से फोन आए थे, जो खुद को अजय देवगन प्रोडक्शन हाउस का बता रहे थे, उन्होंने टेंडर की जानकारी मांगी। हालांकि ऐसा कोई टेंडर नहीं होने की जानकारी मिलने पर उन्होंने आवेदन नहीं किया। ऐसे ही हीरो साइकिल्स वालों की ओर से भी जानकारी ली गई थी।
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