भारतीय कुश्ती संघ के पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह ने सरकार की ओर से भारतीय कुश्ती संघ के निलंबन को हटाने के फैसले पर मंगलवार को खुलकर अपनी बात कही। कहा कि जानकारी मिली है। लगभग 26 महीने तक संघर्ष चला। भारतीय कुश्ती संघ को सरकार ने बहाल कर दिया है, इससे खिलाड़ियों को एक नई पहचान मिलेगी।
उन्होंने कहा कि इस प्रकरण से अगर किसी का नुकसान हुआ है तो खिलाड़ियों का हुआ है। जूनियर खिलाड़ियों का हुआ है। जो दूसरे कमजोर राज्य के बच्चे हैं, उनका सबसे बड़ा नुकसान हुआ है। 26 महीने के बाद कुश्ती पर जो संकट का बादल छाया हुआ था, वह समाप्त हुआ। जो भी षड़यंत्रकारी ग्रहण के रूप में इसमें लगे थे, उनकी मंशा पूरी नहीं हुई।
उन्होंने कहा कि जितने भी टूर्नामेंट पहले होते थे, कुश्ती फेडरेशन के पदाधिकारी उसे कराए। पूर्व सांसद ने होली को लेकर टिप्पणी करते हुए कहा कि शांति व सद्भावना बनी रहे। इसके लिए सभी को प्रयास करना चाहिए। स्थानीय स्तर पर कोई दिक्कत नहीं होती है। कुछ बयानवीरों के कारण समस्या आती है। ऐसे में हर किसी को अपनी भाषा पर नियंत्रण करना चाहिए। सरकार इसको लेकर गंभीर है।