देशभर में प्रतिबंधित मैगी नूडल्स के पांच और नमूने फेल हो गए।
एफएसडीए की लखनऊ लैब की जांच में मैगी के इन नमूनों में लेड की मात्रा तय मानक 2.7 पार्ट्स प्रति मिलियन से ज्यादा पाई गई।
इन नमूनों को अनसेफ श्रेणी में फेल बताया गया है।
अप्रैल में बाराबंकी से लिए गए मैगी के नमूनों में बच्चों की सेहत को जानलेवा स्तर तक नुकसान पहुंचाने वाले लेड व एमएसजी (मोनोसोडियम ग्लूकामेड) की पुष्टि हुई थी।
एफएसडीए के अपर आयुक्त फूड आरएस मौर्या ने बताया कि जांच में मैगी व टेस्टीमेकर नूडल्स के फेल होने की रिपोर्ट केंद्रीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (एफएसएसए) के पास भेजा जाएगा।
उन्होंने बताया कि प्रदेश के सभी जिलों से मैगी के करीब पांच सौ नमूनों के सैंपल जांच के लिए भेजे गए थे। इन्हीं में कुछ नमूनों की जांच रिपोर्ट आई है।