नोएडा व ग्रेटर नोएडा (ग्रेनो) के घपलों की सीएजी की रिपोर्ट पर प्रदेश सरकार जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने जा रही है। विधानमंडल सत्र खत्म होते ही औद्योगिक विकास विभाग इसके लिए बैठक करेगा।
मुख्यमंत्री ने बुधवार को विधानसभा में नोएडा अथाॅरिटी की जांच रिपोर्ट मिलने व उसमें 30 हजार करोड़ के घपले का खुलासा किया था। सरकार को सीएजी की नोएडा के साथ ग्रेटर नोएडा की जांच रिपोर्ट भी मिली है। भाजपा ने पिछले विधानसभा चुनाव में नोएडा, ग्रेटर नोएडा व यमुना एक्सप्रेस-वे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा) में बड़े पैमाने पर घपलों का आरोप लगाते हुए मुद्दा बनाया था। इसके लिए सपा-बसपा सरकारों को जिम्मेदार ठहराया था।
सपा सरकार ने सीएजी के आग्रह के बावजूद प्राधिकरणों की जांच की अनुमति नहीं दी थी। लेकिन योगी सरकार ने सत्ता में आने के बाद 2005 से 2017 तक के तीनों प्राधिकरणों के कामकाज की जांच कराने की मंजूरी दे दी थी। इस दौरान मुलायम सिंह यादव, मायावती व अखिलेश यादव मुख्यमंत्री थे।