लखनऊ में हजरतगंज स्थित एसएसपी आवास से चंद कदमों की दूरी पर भरे बाजार में मंगलवार शाम को गोलियां तड़तड़ा उठीं। बाइक सवार बदमाशों के निशाने पर बाहुबली विधायक मुख्तार अंसारी के प्रतिनिधि शाहिद जाफरी और उनके सगे भाई नामवर जाफरी थे। शाहिद को बायीं ओर सीने के ऊपरी हिस्से में और नामवर को दाहिने कंधे पर गोली लगी है। दोनों को ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया। इस मामले में देर रात जौनपुर के पूर्व सांसद धनंजय सिंह व सोना लूट कांड में बर्खास्त सिपाही आलोक सिंह सहित चार के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
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गोली लगने के बाद जांच करती पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
प्रभारी निरीक्षक हजरतगंज राधारमण सिंह के मुताबिक दोनों भाई लखनऊ में मुख्तार अंसारी के कारोबार की देखरेख करते हैं। शाम 6.30 बजे दोनों बुलेट से हबीबुल्ला एस्टेट स्थित मिराज द लाउंज से निकलकर घर जा रहे थे। लाउंज से चंद कदमों की दूरी पर ही एसबीआई के सामने बाइक सवार बदमाशों ने उन पर गोलियां बरसा दीं। साथियों पर भी झोंका फायर: वारदात के समय शाहिद और नामवर को छोड़ने दो साथी बाहर आए थे। इनमें लाउंज के मालिक का बेटा उमर और नक्खास का वकील आसिफ रिजवी था। गोली चलने के बाद शाहिद और नामवर की बुलेट लड़खड़ाती देख दोनों ने पास पड़ी ईंट बदमाशों पर चलाई। इस पर बदमाशों ने उमर और आसिफ को निशाना करते हुए फायर झोंक दिया। इसी बीच बदमाश हलवासिया मार्केट की ओर भाग निकले। इस दौरान उनका हेलमेट गिर गया।
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लाउंज में खेला कैरम
- फोटो : अमर उजाला
4.30 घंटे लाउंज में खेला कैरम: उमर और आसिफ के मुताबिक शाहिद और नामवर दो बजे लाउंज पहुंचे थे। इसके बाद 6.30 बजे तक चारों ने कैरम खेला। फिर दोनों घर जाने की बात कहकर निकले। आसिफ के अनुमान के मुताबिक बदमाश उनका पीछा करते हुए दोपहर को ही लाउंज के पास पहुंच गए थे। हालांकि, शाहिद के बाहर न निकलने से उनके हाथ मौका नहीं लगा। शाम को जब दोनों भाई लाउंज से निकले तो उन पर गोलियां चला दीं। पुलिस आसपास के फुटेज खंगाले तो बदमाशों की फोटो सामने आ जाएगी।
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शाहिद जाफरी
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घायल होने के बाद एसएसपी आवास पहुंचे
प्रभारी निरीक्षक राधारमण सिंह के मुताबिक घायल हालत में दोनों भाई बुलेट से सप्रू मार्ग स्थित एसएसपी आवास तक पहुंचे। यहां बुलेट रुकते ही गिर गए। गौतमपल्ली थाने की सरकारी जीप से इन्हें आनन-फानन ट्रॉमा सेंटर भेजा गया। इसके बाद पुलिस को वारदात की जानकारी हो सकी।
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नामवर जाफरी
- फोटो : अमर उजाला
चार राउंड फायरिंग से दहशत
जिस गली में वारदात हुई उसके आसपास कई स्ट्रीट रेस्टोरेंट हैं। यहां काफी भीड़ जुटती है। ऐसे में बाइक सवारों का गोलियां बरसाकर आसानी से निकल जाना पुलिस को खुली चुनौती है। मौके पर मौजूद लोगों के मुताबिक बदमाशों ने शाहिद और नामवर पर तीन राउंड गोलियां बरसाईं। वहीं, उमर और आसिफ पर एक राउंड गोली चलाई। इससे अफरा-तफरी मच गई। लोग दहशत से भागने लगे। हालांकि, इंस्पेक्टर हजरतगंज के मुताबिक गोलियां कितनी चली, इसकी पुष्टि नहीं हुई है।
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गोली लगने के बाद जांच करती पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
राजधानी के सबसे पॉश इलाके हजरतगंज में एसएसपी आवास से चंद कदमों की दूरी पर अचानक गोलियों की तड़तड़ाहट ने गैंगवार की आशंका को बल दिया। पुलिस के मुताबिक घायल दोनाें भाई मुख्तार अंसारी के काफी करीबी है। शाहिद विधायक प्रतिनिधि भी है। वहीं, पूर्वांचल के ही एक बाहुबली पूर्व सांसद पर हमले का आरोप लगाया जा रहा है। इससे पुलिस को गैंगवार के आसार नजर आ रहे हैं।
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गोली लगने के बाद जांच करती पुलिस
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प्लॉटिंग के विवाद में चली गोली
शाहिद और नामवर के साथी ने हमले के लिए जौनपुर के बाहुबली पूर्व सांसद धनंजय सिंह को जिम्मेदार बताया। दोनों भाइयों ने बताया कि उनसे शहीद पथ्ा के पास प्लॉटिंग को लेकर तीन महीने से विवाद चल रहा है। तहरीर में धनंजय सिंह और बर्खास्त सिपाही को हमले की साजिश रचने का आरोप लगाया तो दो किराये के शूटरों से हमला कराए जाने की बात कही है। एसपी पूर्वी सुरेश चंद्र के मुताबिक मामले की जांच की जा रही है।
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गोली लगने के बाद जांच करती पुलिस
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हजरतगंज में मंगलवार को फायरिंग में भाई समेत घायल हुए बाहुबली विधायक मुख्तार अंसारी के प्रतिनिधि शाहिद जाफरी पर हत्या का मुकदमा दर्ज है। इसकी जांच भी चल रही है। वहीं, पुलिस का कहना है कि शाहिद राजधानी में प्रॉपर्टी का भी कारोबार करता है। आशंका है कि पुरानी रंजिश में गोली मारी गई है। हत्या के उस मामले और प्रॉपर्टी से जुड़े सभी बिंदुओं पर जांच चल रही है। वजीरगंज थानाक्षेत्र में 2013 में शिया-सुन्नी समुदाय में विवाद हुआ था। इस दौरान एक हत्या भी हुई थी। इसमें दाउद नाम के एक व्यक्ति ने शाहिद को हत्या का आरोपी बताया था। मामले में वह वांछित चल रहा है। सीओ हजरतगंज के मुताबिक पुलिस इस बिंदु पर भी जांच कर रही है।
क्षेत्राधिकारी हजरतगंज अभय कुमार मिश्रा के मुताबिक वारदात स्थल के पास से एक खोखा मिला है। पूछताछ में दोनों भाइयों ने बताया कि बाइक पर दो बदमाश सवार थे। दोनों बाइक खड़ी कर इंतजार कर रहे थे। एक के हाथ में नाइन एमएम और दूसरेे के हाथ में थर्टी की पिस्टल थी, जिससे गोलियां चलाई गईं।
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गोली लगने के बाद जांच करती पुलिस
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ट्रॉमा में जुटे साथियों ने किया हंगामा
मुख्तार अंसारी के करीबियों को गोली मारने की सूचना पर ट्रॉमा सेंटर में पुराने लखनऊ से सैकड़ों लोगों की भीड़ जुट गई। लोगों ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया। वहां मौजूद लोगों ने पूर्वांचल के बाहुबली माफिया पूर्व सांसद धनंजय सिंह पर हमला कराने का आरोप लगाया। स्थिति तनाव पूर्ण होता देख पश्चिमी इलाके के सभी थानों की फोर्स को बुला लिया गया। देर रात तक स्थिति तनावपूर्ण थी। एएसपी पश्चिम विकास चंद्र त्रिपाठी, सीओ हजरतगंज अभय कुमार मिश्रा, सीओ चौक दुर्गा प्रसाद तिवारी, इंस्पेक्टर चौक पंकज सिंह, ठाकुरगंज नीरज ओझा, वजीरगंज दीपक दुबे, बाजारखाला विजयेंद्र सिंह, तालकटोरा के धनंजय सिंह ने मोर्चा संभाल लिया था।
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गोली लगने के बाद जांच करती पुलिस
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खुलासे के लिए लगीं कई टीमें
एसएसपी कलानिधि नैथानी ने वारदात के खुलासे को हजरतगंज इंस्पेक्टर के अलावा क्राइम ब्रांच, सर्विलांस सेल और स्वाट टीम को लगाया है। मौके पर पड़ताल के लिए एएसपी पूर्वी सुरेशचंद्र रावत के अलावा स्वाट प्रभारी अंजनी कुमार पांडेय, क्राइम ब्रांच के अखिलेश चंद्र पांडेय, संतोष अवस्थी थे।
गोली लगने के बाद जांच करती पुलिस
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बाहुबली पूर्व सांसद के करीबी व घायलों में हुई थी तकरार
हजरतगंज में मंगलवार शाम शहिद और नामवर पर हुए हमले पर गैंगवार का भी संदेह गहराता जा रहा है। सूत्रों की माने तो तीन महीने शहीद पथ पर प्लॉटिंग को लेकर पूर्वांचल के बाहुबली पूर्व सांसद धनंजय सिंह के करीबी बर्खास्त सिपाही आलोक सिंह की शाहिद और नामवर से किसी बात को लेकर तकरार हुई थी। इस मामले में पंचायत भी हुई, लेकिन विवाद बढ़ता ही गया। शाहिद के पक्ष का आरोप है कि उन्होंने जमीन का पहले से एग्रीमेंट करा रखा था। पूर्व सांसद के करीबी जमीन पर कब्जा करना चाहते हैं। वहीं, बाहुबली विधायक मुख्तार अंसारी के करीबी मुन्ना बजरंगी, उसके करीबी तारिक और साले पुष्पजीत की हत्या से भी हमले को जोड़कर देखा जा रहा है। इन हत्याओं में भी पूर्वांचल के बाहुबली पूर्व सांसद का नाम सामने आया था। उस पर दोनों गुटों के बीच हुई तकरार गैंगवार के आसार को बल दे रही है। हालांकि पुलिस इस बात से इन्कार तो कर रही है, लेकिन इस बिंदु पर पड़ताल भी तेज कर दी है।