फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

उत्तर रेलवे में जेई की विभागीय परीक्षा टली, नियम दरकिनार कर लिए गए थे आवेदन

Sat, 10 Mar 2018 11:38 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
विज्ञापन
- फोटो : demo
विज्ञापन
उत्तर रेलवे में जूनियर इंजीनियर (पाथवे) पद के लिए शनिवार को होने वाली परीक्षा स्थगित कर दी गई। नियमों का उल्लंघन कर आवेदन किए जाने का मामला उजागर होने पर यह फैसला लिया गया है। यह परीक्षा 13 साल बाद होने वाली थी और इससे इंजीनियरिंग विभाग कर्मचारियों के लिए तरक्की के रास्ते खुलने थे।
विज्ञापन


बता दें कि रेलवे में इंजीनियरिंग विभाग के अंतर्गत आने वाले कर्मचारियों के लिए लिमिटेड डिपार्टमेंटल कोऑपरेटिव एग्जाम (एलडीसीई) कराया जाता है। इसमें कर्मचारियों का ग्रेडपे 18 सौ से बढ़कर 42 सौ हो जाता है।

उत्तर रेलवे लखनऊ मंडल में 11 रिक्त पदों पर शनिवार को आलमबाग स्थित डीजल शेड में विभागीय परीक्षा होनी थी। इसके लिए 300 सौ से ज्यादा आवेदन आए थे, जिनमें से 130 से अधिक आवेदन स्वीकार किए गए थे। इन आवेदनों में कई ऐसे थे, जिन्हें भ्रष्टाचार कर नियम विरुद्ध शामिल किया गया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

ये किया गया खेल

नॉदर्न रेलवे मजदूर यूनियन व रेलवे अधिकारियों ने  मिलीभगत कर ऐसा किया था। रेलवे कर्मचारी ट्रैक मेंटेनर एसोसिएशन के जनरल सेक्रेटरी जी. गणेश्वर राव ने बताया कि नोटिफिकेशन के मुताबिक 47 साल से अधिक उम्र के कर्मचारी इसमें शामिल ही नहीं हो सकते थे। जबकि, उम्मीदवारों की सूची में 10वें नंबर पर राजनारायण का नाम शामिल है, जिनकी जन्म तिथि 1965 के अनुसार 53 साल है।

इसी प्रकार, 21वें नंबर पर शामिल रेलकर्मी अनिल कुमार गुप्ता की पैदाइश 1964 है। यानी वह 54 साल के हैं और नियमानुसार वह भी परीक्षा में शामिल नहीं हो सकते, लेकिन उन्हें परीक्षा में बैठने की अनुमति अधिकारियों ने दे दी।

सूत्रों के अनुसार इसके एवज में चार से पांच लाख रुपये वसूले गए थे। विरोध होने पर शुक्रवार को परीक्षा स्थगित कर दी गई। डीआरएम सतीश कुमार के निर्देश पर सीनियर डीपीओ ने डिपार्टमेंटल परीक्षा को प्रशासनिक कारणों से स्थगित करने के बाबत पत्र जारी किया है। भ्रष्टाचार के लिए मजदूर यूनियन के साथ रेलवे अधिकारियों की जिम्मेदारी प्रथम दृष्टया उजागर हो रही है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें