जवाहर भवन के कई कमरों में अभी भरा है मलबा।
लखनऊ। जवाहर भवन के चौथे तल पर लगी आग की घटना के दो दिन बाद बुधवार को भी कई कार्यालयों में कामकाज ठप रहा। बेसमेंट की कैंटीन, पहले-दूसरे व तीसरे तल के कुछ कार्यालयों में पूरे दिन मलबा साफ किया जाता रहा। विभाग के कर्मचारी खुद ही सफाई में जुटे रहे। बिजली आपूर्ति बाधित होने से कार्यालय, गैलरी व लिफ्ट के सामने अंधेरा पसरा रहा।
जवाहर भवन के बेसमेंट में कर्मचारी कल्याण निगम की कैंटीन है। कर्मचारी यहां से राशन, बैग व घरेलू उपयोग का अन्य सामान खरीदते हैं। आग बुझाने के बाद कैंटीन में पानी और मलबा भर गया। बुधवार दोपहर 12:30 बजे कैंटीन में कर्मचारी पानी और मलबा साफ करने में जुटे थे। मैनेजर एनके दुबे ने बताया कि व्यवस्था अधिकारी को पत्र दिया गया, लेकिन उन्होंने सफाई की कोई व्यवस्था नहीं कराई। मजबूरी में खुद के कर्मचारियों को ही लगाया है। पानी भरने से काफी सामान भीग गया। दो दिन से कैंटीन बंद होने से करीब एक लाख रुपये की बिक्री प्रभावित हुई है।
अधूरी सफाई, बिजली भी जुड़ी नहीं
पहले और दूसरे तल के कार्यालय व लिफ्ट के सामने भी कर्मचारी सफाई करते दिखे। सार्वजनिक उद्यम ब्यूरो के कार्यालय में बुधवार को भी काम ठप रहा। बिजली आपूर्ति प्रभावित होने से कार्यालय के सामने अंधेरा रहा। तीसरे तल के मिशन निदेशक नंद बाबा दुग्ध मिशन कार्यालय में भी काम प्रभावित रहा। कर्मचारियों ने बताया कि अभी पूरी तरह सफाई नहीं हो सकी है। हालांकि, पहले तल के आदर्श कोषागार में कामकाज चलता रहा।
जवाहर भवन के कई कमरों में अभी भरा है मलबा।
जवाहर भवन के कई कमरों में अभी भरा है मलबा।