सरोजनीनगर। राजधानी में खुले नाले ने एक और जिंदगी निगल ली। बंथरा इलाके में रविवार शाम नगवा नाले में डूबी युवती का शव को ग्रामीणों ने देर रात तलाश लिया। युवती नाले को पार करने के लिए इसके ऊपर रखे बिजली के खंभे से गुजर रही थी, तभी फिसलकर गिर गई थी। बंथरा के खुर्रमपुर निवासी स्व. पुत्ती लाल की बेटी सोनी रावत (21) रविवार दोपहर करीब 11 बजे नगवा नाला पार कर अपने बड़े भाई सर्वेश के घर (नए मकान) में खाना बनाने गई थी। नाला पार करने के लिए ग्रामीणों ने बिजली के खंभों को पुलिया की तरह रखकर अस्थायी रास्ता बनाया हुआ है।
मृतका के चचेरे भाई नवनीत ने बताया कि दोपहर मेंं सोनी पुराने घर लौटी, लेकिन ुपट्टा भाई के घर ही भूल गई। वह दोबारा भाई के घर गई और दुपट्टा लेकर पुराने घर निकल गई। शाम करीब 6 बजे तक सोनी के घर नहीं पहुंचने पर परिजनों ने तलाश शुरू की। तभी नाले के किनारे जीएसआरएम स्कूल के पास उसकी चप्पल मिली। परिजन देर रात तक उसे ढूंढते रहे, लेकिन कुछ पता नहीं चला था।
रात में लौट गई पुलिस व फायर ब्रिगेड की टीम
रात लगभग 9:30 बजे पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। देर तक रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया, लेकिन सफलता नहीं मिली। अंधेरा ज्यादा होने के कारण पुलिस और फायर टीम ने अगले दिन सुबह युवती को तलाशने का फैसला किया। हालांकि ग्रामीणों ने अपने स्तर से खोजबीन जारी रखी। ग्रामीण नाले में उतरकर सोनी को खोजते रहे। देर रात करीब 1 बजे ग्रामीणों ने घटनास्थल से लगभग एक किलोमीटर दूर लोनहा-मवई रोड पुल के पास मछुआरों की लोहे की जाल में फंसा सोनी का शव खोज निकाला।
छोटा पुल बनवाया जाए
मृतका के चचेरे भाई नवनीत ने बताया कि उनके परिवार के खेत नगवा नाले के दूसरी ओर हैं, जहां 5-6 लोग अपने-अपने घर बनाकर रहते हैं। वहां तक पहुंचने के लिए कोई पक्का पुल नहीं है। सभी लोग लोग सीमेंटेड पोल से बने अस्थायी रास्ते का ही इस्तेमाल करते हैं। नवनीत ने प्रशासन से मांग की है कि लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए नाले पर छोटा पुल बनवाया जाए और परिवार को आर्थिक मदद उपलब्ध कराई जाए।
इसी नाले में गिरी थी सोनी।
इसी नाले में गिरी थी सोनी।