उत्तर प्रदेश पावर ऑफिसर्स एसोसिएशन ने कहा है कि निर्बाध बिजली आपूर्ति बनाए रखने के लिए लगातार ड्यूटी करने से बड़े पैमाने पर बिजली अभियंता, कार्मिक, श्रमिक और संविदा कर्मी कोरोना से संक्रमित हो जा रहे हैं। इनमें से तमाम कार्मिकों का निधन भी हुआ है।
एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बुधवार को ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा से मुलाकात कर उन्हें सेवा संबंधी प्रस्ताव सौंपा है। इसमें बिजली कार्मिकों को फ्रंट लाइन वारियर मानते हुए उनके निधन पर आश्रित परिजनों को 50 लाख रुपये का मुआवजा देने की मांग की है।
ऊर्जा मंत्री को ज्ञापन सौंपने के बाद एसोसिएशन के कार्यवाहक अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा और सचिव आरपी केन ने कहा कि बिजली आपूर्ति की व्यवस्था से जुड़े सभी बिजली कार्मिक अहम योगदान दे रहे है।
अब तक तमाम कार्मिकों की कोरोना से निधन हो चुका है और बहुत कार्मिकों की स्थिति गंभीर है। ऐसे में प्रदेश सरकार सभी नियमित व संविदा वाले बिजली कार्मिको के निधन पर उन्हें फ्रंट लाइन वारियर मानते हुए 50 लाख रुपये का मुआवजा दिलाने की व्यवस्था की जाए।
उन्होंने कोरोना संक्रमण से गंभीर स्थिति में पहुंचने वाले कार्मिकों को अस्पतालों में बेहतर इलाज दिलाने व भर्ती में वरीयता देने की व्यवस्था लागू करने की भी मांग की है। ऊर्जा मंत्री ने अपर मुख्य सचिव ऊर्जा को कोरोना से संक्रमित होने वाले बिजली कार्मिक के हित से जुड़ी कार्यवाही कराने का निर्देश जारी किया है। उन्होंने मुआवजा देने संबंधी मांग पर भी जल्द निर्णय लेने का आश्वासन दिया है।