लोक सभा निर्वाचन की तैयारियों के तहत चुनाव आयोग ने उत्तर
प्रदेश के पांच आईजी को बतौर पर्यवेक्षक चिह्नित किया है।
इन्हें
पर्यवेक्षक बनाए जाने की जानकारी आयोग ने सरकार को दे दी है। लेकिन राज्य
सरकार आयोग के फैसले से सहमत नहीं है और वह इनमें से दो के नाम वापस लेने
का आग्रह कर रही है।
जिन्हें पर्यवेक्षक
बनाया गया है उनमें आगरा जोन के आईजी आशुतोष पांडेय के अलावा आईजी
तिलोत्तमा वर्मा, अखिलेश्वर राम मिश्र, अभय प्रसाद और सुग्रीव गिरी के नाम
शामिल हैं।
हालांकि, आशुतोष के चयन पर चर्चा शुरू हो गई है। माना यह जा रहा
था कि उनकी सपा से नजदीकी को देखते हुए आयोग शायद उन्हें उनके पद से हटाने
के आदेश जारी कर दे।
सूत्रों के अनुसार राज्य सरकार ने इनमें से दो आईजी
के नाम वापस लेने का आग्रह आयोग से किया है। इनमें आशुतोष पांडेय और
अखिलेश्वर राम मिश्र के नाम बताए जा रहे हैं।
यूपी के 110 आईएएस बनाए गए ऑब्जर्वरलोकसभा
चुनाव के दौरान पूरे देश में उत्तर प्रदेश के 110 आईएएस अफसरों की ड्यूटी
लगाई गई है। ये अधिकारी बतौर ऑब्जर्वर वहां जाएंगे और मतगणना के बाद ही आ
पाएंगे।
चुनाव आयोग ने इन अधिकारियों को 15 मार्च को दिल्ली तलब किया है।
जहां इन्हें विज्ञान भवन में प्रशिक्षण दिया जाएगा।
सूचना बुधवार को अफसरों
को मिली है। अफसरों ने नियुक्ति विभाग को इसकी सूचना देने के साथ जाने की
तैयारियां शुरू कर दी हैं।