सीएनजी स्टेशनों पर लगने वाली कतारों को कम करने की कवायद शुरू हो गई है। शहर के स्मार्ट सिटी सूची में चयन के बाद सीएनजी का यूज अनिवार्य होने की भी संभावना है।
वाहनों की लगातार बढ़ती संख्या और सीएनजी की मांग को देखते हुए ग्रीन गैस कंपनी आठ और स्टेशन बनाएगी। कंपनी की ओर से नगर निगम से जमीन मांगी गई है। जिन इलाकों में सीएनजी स्टेशन बनाए जाने हैं, उनकी सूची भी कंपनी ने नगर निगम को भेज दी है।
कंपनी ने दो साल में नए स्टेशनों के निर्माण का लक्ष्य तय किया है। शहर में अभी सीएनजी के 11 स्टेशन हैं, जिसके जरिए करीब 20 हजार वाहनों को गैस दी जा रही है। प्रदूषण कम करने को सरकार भी सीएनजी उपयोग पर जोर दे रही है।
शहर के स्मार्ट सिटी में आने के बाद यह जिम्मेदारी बढ़ गई है। कंपनी के मार्केटिंग अधिकारी ने बताया कि सीएनजी पेट्रोल से सस्ती है। लोग सीएनजी उपयोग करना चाहते हैं।
काफी उपभोक्ता ऐसे हैं जो सीएनजी स्टेशन पर लंबी कतारों के चलते ही डीजल व पेट्रोल से गाड़ियां चला रहे हैं। आसानी से सीएनजी मिलेगा तो लोग इसका इस्तेमाल करेंगे।