लखनऊ। दैनिक यात्रियों की सुविधा को देखते हुए सात रूटों पर चलने वाली 16 मेमू ट्रेनें दोबारा शुरू करने की तैयारियां की जा रही हैं। इसके लिए मुख्यालय से सहमति मांगी जा रही है। इन ट्रेनों के शुरू होने पर करीब 45 हजार यात्रियों को प्रतिदिन राहत हो जाएगी।
दरअसल, कोविड के दौरान ट्रेनों का संचालन बंद कर दिया गया था। इसमें मेल-एक्सप्रेस व मेमू गाड़ियां भी ठहर गई थीं। कोविड के बाद जब रेलवे ने ट्रेनों का संचालन शुरू किया तो मेल व एक्सप्रेस ट्रेनें ही पटरी पर उतरीं। यही वजह है कि दैनिक यात्रियों के लिए मुश्किलें अभी बनी हुई हैं, उन्हें महंगे बस टिकट लेकर सफर करना पड़ रहा है। हालांकि, यात्रियों की सुविधा के लिए एमएसटी शुरू की गई है, लेकिन उससे कोई खास राहत दैनिक यात्रियों को नहीं मिल पा रही है। लखनऊ से कानपुर, हरदोई, सुल्तानपुर, बाराबंकी, रायबरेली, प्रतापगढ़, शाहजहांपुर रूट की मेमू ट्रेनें प्रभावित होने से प्रतिदिन हजारों यात्रियों को दिक्कतें हो रही हैं।
रेलवे बोर्ड को करा चुके हैं अवगत
दैनिक यात्री एसोसिएशन के अध्यक्ष एसएस उप्पल ने बताया कि मेमू पटरी पर नहीं उतरने से दैनिक यात्रियों के लिए दिक्कतें बढ़ गई हैं। बार-बार इनकी शिकायतों को उठाया गया और चेयरमैन रेलवे बोर्ड को भी शिकयतें भेजी गईं। इस पर कार्रवाई की उम्मीद जगी है।
कानपुर रूट पर है सर्वाधिक लोड
लखनऊ से कानपुर आने-जाने वाले दैनिक यात्रियों को मेमू ट्रेनों से काफी आसानी हो जाती थी। इस रूट पर सर्वाधिक मेमू चलती थीं, फिलहाल एकाध मेमू रूट पर चलाई जा रही हैं, पर इससे मामूली राहत ही मिलती है।